लक्षित वर्गों तक समय पर पहुंचे योजनाओं के लाभ-केसी चमन

HNN/ सोलन

सभी विद्यालयों में सूचना पट्ट पर छात्रवृत्ति योजनाआंे की जानकारी अंकित करने के निर्देश उपायुक्त सोलन केसी चमन ने कहा कि केन्द्र एवं प्रदेश सरकार द्वारा समाज के विभिन्न वर्गों के कल्याण एवं सुरक्षा के लिए कार्यान्वित की जा रही योजनाओं के लाभ लक्षित वर्गों तक समय पर पहुंचने चाहिएं। इसके लिए आवश्यक है कि लक्षित वर्गों को इन योजनाओं की पूर्ण जानकारी प्रदान करने के लिए जागरूकता शिविर आयोजित किए जाएं।

केसी चमन आज यहां अनुसूचित जाति, जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989 के अंतर्गत स्थापित जिला स्तरीय सतर्कता एवं प्रबोधन समिति के अंतर्गत गठित समिति, अल्पसंख्यकों के कल्याण के लिए प्रधानमंत्री नवीन 15-सूत्रीय कार्यक्रम की समीक्षा तथा राष्ट्रीय न्यास अधिनियम 1999 के अंतर्गत गठित स्थानीय स्तरीय समिति की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उपायुक्त ने कहा कि कोरोना वायरस संक्रमण के दृष्टिगत विशेष रूप से इन योजनाओं के प्रचार-प्रसार के लिए सम्बन्धित विभागों एवं अधिकारियों को डिजिटल माध्यम का उपयोग करना चाहिए।

इस दिशा में सभी विभागों को बेहतर तालमेल स्थापित कर कार्य करना होगा। उन्होंने कहा कि उपरोक्त विभिन्न कार्यक्रम समाज के लक्षित वर्गों के संतुलित विकास एवं संविधान की अनुपालना के अनुरूप कार्यान्वित किए जा रहे हैं। भारत के संविधान में विभिन्न नियमों के माध्यम से समाज के कमजोर वर्गों की सुरक्षा सुनिश्चित बनाई है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन सभी नियमों का उचित कार्यान्वयन सुनिश्चित बनाया जाए।

उपायुक्त ने शिक्षा विभाग को निर्देश दिए कि जिला के सभी विद्यालयों में सूचना पट्ट पर छात्रवृत्ति योजनाओं के सम्बन्ध में संपूर्ण जानकारी अंकित की जाए ताकि पात्र छात्र इनसे लाभान्वित हो सकें। उन्होंने इस सम्बन्ध में शीघ्र रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए। बैठक में अल्पसंख्यकों के लिए प्रधानमंत्री के नए 15 सूत्रीय कार्यक्रम पर भी विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में अवगत करवाया गया कि सोलन जिला में विशेष पोषाहार कार्यक्रम के अन्तर्गत मुस्लिम समुदाय के 2061, सिक्ख समुदाय के 1190 तथा इसाई समुदाय के 24 बच्चों को पोषाहार उपलब्ध करवाया जा रहा है।

बैठक में कार्यक्रम के तहत चलाई जा रही अन्य योजनाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। बैठक में राष्ट्रीय न्यास अधिनियम 1999 के अन्तर्गत गठित समिति द्वारा दिव्यांग व्यक्तियों के कानूनी संरक्षक के मामलों पर विचार-विमर्श किया गया। बैठक में अवगत करवाया गया कि सोलन जिला में वर्तमान में 18 वर्ष से अधिक आयु के 414 व्यक्ति मानसिक रूप से दिव्यांग हैं। इनमें सोलन तहसील में 88, कण्डाघाट तहसील में 31, अर्की तहसील में 125, नालागढ़ तहसील में 115 तथा कसौली तहसील में 55 दिव्यांग हैं।