श्री रेणुका जी झील में 4 लोगों को डूबने से बचाया गोताखोरों ने

प्रशासन ने पांवटा साहिब से स्पेशल बुलाए 6 गोताखोर, जान पर खेलकर 4 लोगों को बचाया गया

HNN News श्री रेणुका जी

अंतर्राष्ट्रीय श्रीरेणुका जी मेला के अवसर पर पहले दिन से ही श्रद्धालुओं का हुजूम उमड़ रहा है। मेले के दूसरे दिन प्रबोधिनी एकादशी के अवसर पर झील में जहां आस्था की डुबकीयां लग रही थी वही सुबह करीब 4:00 बजे दो व्यक्ति पवित्र रेणुका जी झील में डूब रहे थे।

इससे पहले की वह गहराई में नीचे चले जाते मगर उससे पहले जिला प्रशासन के द्वारा झील के स्नान घाट पर तैनात किए गए कुशल तैराकों ने अपनी जान पर खेलते हुए दोनों व्यक्तियों को सकुशल बचा लिया। बताया जा रहा है कि दोनों श्रद्धालुओं के पेट में पानी भर चुका था। जिनका झील से बाहर निकालने के बाद पेट से पानी निकाल दिया गया।

वही सुबह करीब 8:30 9:00 बजे के बीच फिर से दो व्यक्ति अचानक सुरक्षा दीवार से बाहर निकल गए। स्नान घाट की इस दीवार को क्रॉस करते ही वे जैसे ही डूबने लगे गोताखोरों ने उन्हें तुरंत रेस्क्यू कर लिया।

अब यदि यह गोताखोर स्नान के दौरान तैनात ना होते तो निश्चित ही आस्था पर मातम का दाग भी लगता। मगर प्रशासन के द्वारा मेले को हर तरह से पुख्ता इंतजामों के द्वारा सुविधा परक बनाया गया है।

बता दें कि जिला प्रशासन के द्वारा 6 गोताखोरों को सुरक्षा के तौर पर झील के स्नाना घाट की और तैनात किया गया है। सभी गोताखोर पोंटा साहिब से बुलाए गए हैं। इसके अलावा सुरक्षा कारणों के चलते झील में किश्ती को भी बंद कर दिया गया है।

यही नहीं पुलिस प्रशासन के द्वारा भी कानून व्यवस्था के साथ-साथ आपदा जैसी स्थिति में निपटने के लिए हर वक्त मुस्तैद रखा गया है। चारों तरफ सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं जिन्हें कंट्रोल रूम में बैठकर हर वक्त मेले पर नजर बनाई जा रही है।

बरहाल ट्रैफिक व्यवस्था से लेकर आम नागरिक सुरक्षा व मेले को व्यवस्थित बनाने में जिला सिरमौर प्रशासन ने जितने भी इंतजाम किए हैं वह सब काबिले तारीफ है।