Category: पच्छाद

  • सराहां में प्रेस क्लब भवन निर्माण के लिए जल्द सीएम से मिलेंगे क्लब के सदस्य

    सराहां में प्रेस क्लब भवन निर्माण के लिए जल्द सीएम से मिलेंगे क्लब के सदस्य

    HNN / पच्छाद

    जिला सिरमौर के पच्छाद उपमंडल मुख्यालय सराहां में प्रेस क्लब के भवन निर्माण के लिए बजट स्वीकृत करवाने के लिए क्लब के सदस्य जल्द मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू से मुलाकात करेंगे। यह निर्णय वीरवार को सराहां में प्रेस क्लब पच्छाद की त्रैमासिक बैठक में लिया गया। इस त्रैमासिक बैठक की अध्यक्षता प्रेस क्लब के अध्यक्ष रमेश शर्मा ने की।

    बैठक में क्लब के कई मुद्दों पर चर्चा हुई। जिसमें सभी सदस्यों तथा पदाधिकारियों ने अपने विचार रखें। सभी सदस्यों ने कहा कि किसी भी राजनीतिक दल के पदाधिकारी, सदस्य या उपमंडल के किसी भी विभाग के अधिकारी को यदि पत्रकार वार्ता करने हेतु उसकी जानकारी 1 दिन पहले क्लब के अध्यक्ष व महासचिव को देनी होगी।

    तत्काल किसी भी जानकारी के लिए प्रेस क्लब के अध्यक्ष को कम से कम 3 घंटे पहले सूचना देना अनिवार्य की गई। इसके साथ ही प्रेस क्लब के सदस्यों ने कई समस्याओं तथा मांगों पर भी विचार विमर्श किया। प्रेस क्लब के सदस्यों ने बताया कि पच्छाद प्रेस क्लब के लिए भूमि का कार्य अंतिम स्तर पर है, जिसे जल्द पूरा कर लिया जाएगा। नव वर्ष में प्रेस क्लब भवन निर्माण के लिए बजट उपलब्ध करवाकर निर्माण कार्य शुरू करवाया जाएगा।

    जिसके लिए स्थानीय विधायक, सांसद तथा प्रदेश स्तर पर मुख्यमंत्री से बजट उपलब्ध करवाने के लिए आग्रह किया जाएगा। प्रेस क्लब की त्रैमासिक बैठक में उपाध्यक्ष आरडी पराशर, महासचिव सुरेश कुमार, कोषाध्यक्ष भेखानंद वर्धन और सदस्य अशोक चौहान मौजूद रहे। इसके अतिरिक्त बैठक में वर्चुअल माध्यम से अंकुश, ऋषिपाल और विकास वर्मा जुड़े।

  • पच्छाद के विश्वजीत ठाकुर ने ऑल इंडिया इंटर यूनिवर्सिटी गेम्स में जीता कांस्य पदक

    पच्छाद के विश्वजीत ठाकुर ने ऑल इंडिया इंटर यूनिवर्सिटी गेम्स में जीता कांस्य पदक

    HNN / पच्छाद

    जिला सिरमौर के पच्छाद उपमंडल के विश्वजीत ठाकुर ने ऑल इंडिया इंटर यूनिवर्सिटी गेम्स में कांस्य पदक जीता है। पच्छाद उपमंडल की जामुन की सेर पंचायत के मलाणा निवासी विश्वजीत ठाकुर वर्तमान में पंजाब यूनिवर्सिटी के खालसा कॉलेज से इंग्लिश में एमए कर रहे हैं। 20 से 24 दिसंबर तक जम्मू यूनिवर्सिटी कैंपस में आयोजित विभिन्न खेलकूद प्रतियोगिता तलवारबाजी में विश्वजीत ठाकुर ने कांस्य पदक जीता है।

    ऑल इंडिया इंटर यूनिवर्सिटी गेम्स में देश की 120 यूनिवर्सिटी के 400 से अधिक छात्रों ने भाग लिया था। जिसमें तलवारबाजी सहित अनेक प्रतियोगिताएं आयोजित हुई। तलवारबाजी प्रतियोगिता में गोल्ड मेडल गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी के छात्र और सिल्वर मेडल शिवाजी यूनिवर्सिटी महाराष्ट्र के छात्र के नाम रहा।

    विश्वजीत ठाकुर ने बताया कि अब उनका चयन 2023-24 के खेलो इंडिया गेम्स के लिए हो गया है। विश्वजीत ठाकुर ने बताया कि 2020 के खेलो इंडिया गेम्स में भी उन्होंने कई मेडल अपने नाम किए है। अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का प्रतिनिधित्व करना ही उनका लक्ष्य हैं, जिसके लिए वह कई वर्षों से लगातार मेहनत कर रहे हैं।

  • पच्छाद में अब भाजपा तीसरे नंबर पर, मुसाफिर और सुशील भृगु आमने-सामने

    पच्छाद में अब भाजपा तीसरे नंबर पर, मुसाफिर और सुशील भृगु आमने-सामने

    भाजपा प्रत्याशी रीना कश्यप के पिछड़ने की यह बनी बड़ी वजह….

    HNN / पच्छाद

    मतदान से पहले सिरमौर में भाजपा अब केवल 2 सीटों पर ही सिमटती हुई नजर आने लग पड़ी है। मौजूदा समय भाजपा की सबसे सुरक्षित सीट अब पांवटा साहिब बन चुकी है। जबकि नाहन विधानसभा में डॉ राजीव बिंदल भितरघात पर कंट्रोल करते हुए अब पहले से कहीं ज्यादा बेहतर स्थिति में पहुंच गए हैं। वही यदि अब बात की जाए पच्छाद सीट की, तो इस पर ना केवल आम जनता, बल्कि पूरे प्रदेश की नजर टिकी हुई है। इसकी बड़ी वजह भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष और सांसद सुरेश कश्यप का गृह विधानसभा क्षेत्र माना जा सकता है।

    तो वही, विपणन बोर्ड के अध्यक्ष बलदेव भंडारी भी इसी विधानसभा क्षेत्र से ताल्लुक रखते हैं। रीना कश्यप के लगातार गिरते ग्राफ का बड़ा कारण उनके इर्द-गिर्द घूम रहे कुछ ठेकेदार और दोनों प्रमुख बड़े नेता माने जा सकते हैं। प्रमुख नेताओं के अपने क्षेत्र के प्रति तथा आम जनता के प्रति व्यवहार को लेकर भारी नाराजगी फैली हुई है। इस नाराजगी का नजला सीधे-सीधे भाजपा की प्रत्याशी पर पड़ रहा है। सत्ता वापसी के मद में चूर रहे इन नेताओं ने लोगों के साथ रसूख बनाने की जगह रसूख बिगाड़ने के ज्यादा प्रयास रखें।

    वही, रीना कश्यप के चुनाव के आर्थिक मामले देख रहे एक ठेकेदार जोकि कादरी भरन गांव से ताल्लुक रखता है, उसके चलते भी जनता काफी नाराजगी व्यक्त कर रही है। इस विधानसभा क्षेत्र में इस ठेकेदार को लेकर आम जनता में बड़ी चर्चा भी चली हुई है। लोगों का कहना है कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने क्षेत्र में विकास को लेकर बहुत घोषणा करी। मगर इन घोषणाओं का असली फायदा माननीय सांसद के चहेते ठेकेदार वीरेंद्र चौधरी को सीधे-सीधे मिला है। इस विधानसभा क्षेत्र में सबसे ज्यादा ठेके भी इन्हीं को मिले हैं। यही नहीं एक और बड़े ठेकेदार केसब लेटिंग का कार्य भी चहेते ठेकेदार के द्वारा किया जा रहा था।

    यही वजह रही कि जो भी कार्य अभी हुए हैं, उनमें गुणवत्ता की भारी कमी नजर आई है। चहेते ठेकेदार के द्वारा एक बार पंचायत चुनाव भी लड़ा गया था। चर्चा तो यह भी है कि ठेकेदार महोदय का बड़ा परिवार है। जिसमें 100 से अधिक सदस्य रिश्तेदारी के आते हैं। मगर पंचायत चुनाव में ठेकेदार महोदय को तीन दर्जन वोट भी नहीं पड़ पाए थे। लोगों की नाराजगी का अंदाजा इस बात से भी लगाया जा सकता है कि प्रदेश अध्यक्ष के खुद के गांव से पंचायत चुनाव में पूरा सुपड़ा साफ हुआ था। बैकफुट पर चल रही रीना कश्यप अपने आप में स्वच्छ व ईमानदार छवि की नेता है।

    मगर इस ईमानदारी में ठेकेदारों और चमचों ने उन्हें जनता की नाराजगी का बड़ा लक्ष्य बना दिया है। रीना कश्यप की हर रैली में 400- 500 से ज्यादा भीड़ नहीं जुट पा रही है। अब यदि बात की जाए इस विधानसभा क्षेत्र में जनता के रुझान की तो मुसाफिर और राष्ट्रीय देवभूमि पार्टी के प्रत्याशी सुशील भृगु दोनों कांटे की टक्कर पर पहुंच चुके हैं। मुसाफिर के साथ सिंपैथी वोट है। तो सुशील भृगु के साथ भाजपा के नाराज लोगों के साथ-साथ सवर्णो की अनदेखी और सवर्णो के जनप्रतिनिधियों की दो प्रमुख नेताओं का सत्ता मद अंदर खाते राष्ट्रीय देव भूमि के साथ जुड़ गया है।

    असल में माना जा रहा था कि जीआर मुसाफिर के खड़े होने से भाजपा प्रत्याशी को बड़ा फायदा होगा। मगर हुआ इसके बिल्कुल विपरीत। बिरादरी का वोट रीना कश्यप की जगह कांग्रेस की प्रत्याशी दयाल प्यारी के साथ जुड़ चुका है। बिरादरी के अलावा अन्य एससी वोट जीआर मुसाफिर झटक चुके हैं और रही सही कसर जिसमें ब्राह्मण और राजपूत वोट लगभग राष्ट्रीय देव भूमि के साथ जा चुके हैं। बता दें कि इस विधानसभा क्षेत्र में 76 हजार से अधिक वोट हैं, 67 पंचायतें हैं। एक सबसे अहम जानकारी यह भी है कि हिमाचल निर्माता के पोते आनंद परमार जो कि जिला परिषद के भी सदस्य हैं, उन्हें जिला सिरमौर कांग्रेस का अध्यक्ष बनाया गया है।

    आनंद परमार इसी विधानसभा क्षेत्र से ताल्लुक रखते हैं। अब यदि कांग्रेस यह निर्णय पहले ले चुकी होती तो संभवत दयाल प्यारी की स्थिति और होती। राष्ट्रीय देव भूमि का सबसे बड़ा नुक्सान सत्ताधारी कैंडिडेट यानी भाजपा प्रत्याशी को हो रहा है। बरहाल यह तो तय है कि अब इस विधानसभा क्षेत्र में कमल का फूल खिलना ना-मुमकिन नजर आता है। इस विधानसभा क्षेत्र का राजपूत वर्ग बड़ा ही कट्टर और जुबान का पक्का माना जाता है। इन्हीं लोगों की नाराजगी के चलते कांग्रेस से जुड़े हुए राजपूत वर्ग में भी दमदार रहे जीआर मुसाफिर को कई बार धूल चटाई। कमोबेश बिल्कुल वही स्थिति अब दो बड़े प्रमुख नेताओं के चलते बन चुकी है। यही वजह है कि राजपूत किसी भी सूरत में अपने नाक पर मक्खी नहीं बैठने देगा।

  • मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनीष गर्ग ने किया 55-पच्छाद विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र का दौरा

    मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनीष गर्ग ने किया 55-पच्छाद विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र का दौरा

    HNN/ पच्छाद

    मुख्य निर्वाचन अधिकारी, हि.प्र मनीष गर्ग ने गत दिवस 55-पच्छाद विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र का दौरा किया और उन्होंने मतदान केन्द्र नम्बर 55 / 91 सादना (पंचायत घर) का दौरा भी किया तथा अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश जारी किये। रिटर्निंग अधिकारी एवं उपमंडलाधिकारी पच्छाद डाॅ. संजीव कुमार धीमान ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मुख्य निर्वाचन अधिकारी द्वारा अनुपस्थित मतदाता जिसके अन्तर्गत दिव्यांग तथा 80 वर्ष से अधिक मतदाताओं की सुविधा हेतु घर स्तर पर मतदान करवाया जा रहा है, का निरीक्षण भी किया।

    इस दौरान गर्ग ने ओम प्रकाश, मतदाता, निवासी सैर भराल, आयु 50 वर्ष जोकि गत पिछले आठ वर्षों से दुर्घटना होने के कारण शारीरिक रूप से अक्षम हो गये थे और पिछले दो तीन निर्वाचन में मतदान नहीं कर पाये थे, के घर जाकर उनके द्वारा किये जा रहे मतदान की प्रक्रिया का अवलोकन किया। इस अवसर पर मनीष गर्ग मुख्य निर्वाचन अधिकारी द्वारा ओम प्रकाश को पुष्प गुच्छ, पहाड़ी टोपी व मफलर से सम्मानित किया तथा मतदान प्रक्रिया में भाग लेने पर उनका धन्यवाद किया।

    ओम प्रकाश ने निर्वाचन आयोग, मुख्य निर्वाचन अधिकारी तथा प्रशासन का धन्यवाद करते हुये कहा कि निर्वाचन आयोग के प्रयास से वह आज आठ वर्ष बाद वोट डाल सके हैं। मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनीष गर्ग द्वारा जनमानस से अपील की गई कि जिस प्रकार शारीरिक रूप से अक्षम तथा बुजुर्ग व्यक्ति अपने घर से वोट डालकर मतदान की प्रक्रिया का हिस्सा बन रहे हैं तथा मतदान कर रहे हैं, उसी प्रकार प्रदेश का प्रत्येक नागरिक मतदान वाले दिन 12 नवम्बर को मतदान केन्द्र पर जाकर लोकतन्त्र के इस महापर्व में अपना मत डालकर लोकतन्त्र को मजबूत बनायें ।

  • पच्छाद में भाजपा दूर नहीं कर पा रही लोगों की नाराजगीयां

    पच्छाद में भाजपा दूर नहीं कर पा रही लोगों की नाराजगीयां

    सांसद व प्रदेश अध्यक्ष, विधायक और विपणन बोर्ड अध्यक्ष के बावजूद नहीं हुआ विकास

    HNN / पच्छाद

    जिला सिरमौर के पच्छाद में विकास के मामलों में पिछड़ी भाजपा अब प्रचार-प्रसार में पिछड़ती नजर आ रही है। यही नहीं, साथ लगते नाहन और सोलन जिला को देखते हुए विकास में पिछड़े पच्छाद के मतदाता भी सरकार और पार्टी से काफी नाराज नजर आ रहे हैं। आम जनता का कहना है कि यह एक ऐसा विधानसभा क्षेत्र हैं, जो प्रदेश की सरकार सहित केंद्र में सीधे-सीधे बड़ा कद रखता था। बावजूद इसके इस विधानसभा क्षेत्र की सड़कें स्वास्थ्य सुविधाएं और रोजगार के संसाधन जुटा पाने में सरकार नाकाम साबित रही है।

    सड़कों की हालत बद से बदतर स्थिति में गुजर रही है। लोगों का यह भी कहना है कि खुद को दिग्गज कहलाने वाले भाजपा के नेता अपने गृह विधानसभा क्षेत्र से लगाव ना रखते हुए नाहन, दिल्ली और शिमला में ही नजर आए। आम जनता का यह भी कहना है कि भाजपा की महिला विधायक स्थानीय समस्याओं को सदन और सरकार तक पहुंचा पाने में बिल्कुल नाकाम साबित हुई है। कई ग्रामीण क्षेत्र जिनमें श्यामपुर जोकि प्रदेश अध्यक्ष के घर से मात्र कुछ मीटर की दूरी पर है वहां तक सड़क नहीं पहुंच पाई है।

    वही, आजाद उम्मीदवार के तौर पर मैदान में डटे हुए जीआर मुसाफिर ने जमकर सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि इस विधानसभा क्षेत्र में दिग्गज कहलाने वाले भाजपा नेताओं के तमाम विकास के दावे जुमले ही साबित हुए हैं। उन्होंने कहा कि अगर सड़कों के बारे में यदि बात की जाए तो एक भी सड़क ऐसी नहीं है,जो भाजपा की कथनी और करनी में समानता दिखाती हो। पाली-टाली पाव रोड, लानाम्यू रोड, वासनी रोड, नेरी पुल, गिरी पुल ,यशवंत नगर की सड़कें, शिलांजीन रोड, भ्राता घाट रोड, धामला मझगांव रोड सहित तमाम ग्रामीण क्षेत्रों की सड़कें बद से भी बदतर हालत में है।

    जीआर मुसाफिर का कहना है कि जो भाजपा की जयराम सरकार ने इस क्षेत्र में घोषणा की थी वह सारे कार्य केवल कागजों तक ही सिमट कर रह गए हैं। उन्होंने कहा भाजपा की डबल इंजन सरकार ने करोड़ों अरबों रुपए इन्वेस्टर मीट में बहा दिए। बावजूद इसके की गई घोषणा के अनुसार गिन्नी घाट में एक भी इंडस्ट्री नहीं लगा पाए। मुसाफिर ने कहा कि जनता फिर से उन्हें दिल से समर्थन दे रही है। निश्चित ही जीतने के बाद क्षेत्र में फिर से विकास की गंगा बहाई जाएगी। बरहाल, मौजूदा समय भाजपा की प्रत्याशी रीना कश्यप का जनाधार पूरी तरह से अब खिसकता हुआ नजर आ रहा है।

    नरेंद्र जगमोहन, सुमन किरण, अंजू ठाकुर, भंडारी हितेंद्र शर्मा आदि का कहना है कि ऐसी विधायक का भी क्या फायदा जो अभी भी दोनों प्रमुख नेताओं की उंगली पकड़कर चल रही हो। बड़ी बात तो यह भी नजर आ रही है कि रीना कश्यप को टिकट दिए जाने को लेकर पच्छाद भाजपा में काफी ज्यादा नाराजगी भी चल रही है। जिन लोगों ने पार्टी की दिल से और अर्से से सेवा की है, वह केवल मीटिंग और दरियां झाड़ने तक ही सीमित रह गए हैं।

    जानकारी तो यह भी है कि जो शिमला में मंडल का मतदान प्रत्याशी को लेकर करवाया गया था उसमें रीना कश्यप का स्थान नहीं था। बावजूद इसके रीना कश्यप को भाजपा की ओर से टिकट दिया गया। यही नहीं लोगों का कहना है कि विधायक गिरी आर क्षेत्र में लंबे समय से नदारद रही है। बरहाल, लोगों का अब जिस तरीके से रुझान फिर से जीआर मुसाफिर यानी आजाद प्रत्याशी की ओर बढ़ता नजर आ रहा है उससे एक बात तो साफ है कि जनता चाहे वह भाजपा से जुड़ी हो चाहे कांग्रेस से, अपनी नाराजगी दोनों प्रमुख पार्टियों के प्रत्याशियों पर उतारने को आतुर है।

  • चमेंजी डबल मर्डर केस में आसपास की पंचायतों के लोगों से पूछताछ कर रही पुलिस, नही लगा कोई सुराग

    चमेंजी डबल मर्डर केस में आसपास की पंचायतों के लोगों से पूछताछ कर रही पुलिस, नही लगा कोई सुराग

    घटनास्थल के आसपास लोगों की मोबाइल लोकेशन भी की जा रही ट्रेस

    HNN / पच्छाद

    जिला सिरमौर के पच्छाद उपमंडल की चमेंजी पंचायत में 1 सप्ताह पूर्व हुए डबल मर्डर केस में सिरमौर पुलिस चमेंजी के आसपास की पंचायतों में भी छानबीन कर रही है। वीरवार को जिला सिरमौर की अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बबीता राणा के नेतृत्व में पुलिस थाना पच्छाद व पुलिस चौकी नारग की टीम ने चमेंजी पंचायत के अतिरिक्त वासनी तथा नारग पंचायत के लोगों से भी पूछताछ की।

    इसके साथ ही 20 अक्तूबर को हुए मां-बेटे की हत्या की छानबीन के लिए पुलिस घटनास्थल के आसपास मौजूद लोगों के मोबाइल लोकेशन भी ट्रेस कर रही है, ताकि कोई जानकारी हासिल हो सके। मगर एक सप्ताह बाद भी सिरमौर पुलिस के हाथ खाली हैं। वही जब तक फॉरेंसिक रिपोर्ट नहीं आ जाती, तब तक पुलिस पूछताछ और जांच-पड़ताल से ही मामले को सुलझाने का प्रयास कर रही हैं।

    मां-बेटे की हत्या के इस मर्डर मामले को सुलझाने के लिए एसआईटी का भी गठन किया गया है। इस एसआईटी में 12 कर्मचारियों व अधिकारियों को शामिल किया गया है, जोकि मामले की गहनता से छानबीन कर रहे हैं। मगर 1 सप्ताह बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ कोई सुराग नहीं लगा है। वहीं, मृतक उर्मिला के मायके पक्ष के लोगों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर प्रश्न लगाना भी शुरू कर दिया है कि आखिर क्यों पुलिस मामले में अभी तक ना कोई सुराग जुटा पाई और ना ही कोई गिरफ्तारी कर पाई है।

    अब यह डबल मर्डर पच्छाद पुलिस के लिए अनसुलझी पहली बनकर रह गया है। जिला सिरमौर की अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बबीता राणा ने बताया कि चमेंजी पंचायत के साथ-साथ आसपास पंचायतों में भी लोगों से मां-बेटे की हत्या के बारे में पूछताछ कर जानकारी जुटाई जा रही है, ताकि कोई सुराग मिल सके।

  • चार बार हार का मुंह देखने वाले मुसाफिर के समर्थन में जुटी भीड़ का कुछ तो है राज

    चार बार हार का मुंह देखने वाले मुसाफिर के समर्थन में जुटी भीड़ का कुछ तो है राज

    कहीं भाजपा के कद्दावर नेता ने मुसाफिर के कंधे पर बंदूक रख क्या किया है वार

    HNN / पच्छाद

    जिला सिरमौर की पच्छाद विधानसभा सीट भाजपा के लिए वर्चस्व की जंग बन गया है। हालांकि 2022 का यह रण भाजपा वर्सेस भाजपा भी माना जा सकता है। मगर इस बार कभी भाजपा का दमदार चेहरा रही दयाल प्यारी कांग्रेस की ओर से मैदान में है। इस विधानसभा क्षेत्र में रीना कश्यप भाजपा की विधायक है। रीना साफ-सुथरी छवि के साथ इस बार भी भाजपा की ओर से प्रत्याशी है। मगर दयाल प्यारी के आगे सीधे टक्कर में रीना कश्यप का कद काफी छोटा पड़ जाता है।

    ऐसे में इस विधानसभा क्षेत्र से संबंध रखने वाले दो प्रमुख चेहरों पर कद्दावर पद होने के बावजूद खुद को साबित करना बड़ी चुनौती है। इस बार के चुनाव में ना केवल नाराज भाजपाई बल्कि आम जनता ने भी इन दोनों प्रमुख नेताओं को सबक सिखाने की ठानी हुई थी। आम जनता का कहना है कि ज्यादा ऊंचा कद पाकर अपने क्षेत्र के लोगों को नजरअंदाज किया गया है। यही नहीं संगठन से जुड़े बहुत से ऐसे लोग हैं जो यह मानते हैं कि उनके प्रमुख नेता उनकी उम्मीदों पर खरे नहीं उतरे हैं।

    ऐसी स्थिति में कांग्रेस की और से प्रत्याशी दयाल प्यारी की जीत निश्चित तौर पर बड़े मार्जिन के साथ मानी जा रही थी। यही नहीं दयाल प्यारी का जितना उन भाजपा के नेता को सबसे ज्यादा नुक्सान दायक माना जा सकता था जिनकी वजह से दयाल प्यारी को पार्टी से निकाला गया था। अब यदि पूरे खेल को समझा जाए तो इन भाजपा के प्रमुख नेताओं ने भावनात्मक दाव खेलते हुए टिकट से वंचित हुए मुसाफिर के कुछ समर्थकों को मोहरा बना लिया।

    सवाल तो यह उठता है कि जीआर मुसाफिर जहां एक बार लोकसभा तथा 3 विधानसभा के चुनाव हार चुके हैं बावजूद इसके इस बार ऐसा कौन सा सिहासन है जिसके दम पर मुसाफिर के समर्थक उनकी ताजपोशी करना चाहते हैं। जाहिर सी बात है एक बड़ी सोची समझी भाजपा के नेताओं की रणनीति ने अपनी प्रत्याशी का जोखिम उठाते हुए कूटनीतिक दांव खेला है। सूत्रों की माने तो मुसाफिर के नामांकन के दौरान जो भीड़ का खेल खेला गया उसका खिलाड़ी इसी विधानसभा क्षेत्र का था। इस विधानसभा क्षेत्र में आम आदमी पार्टी और देवभूमि सवर्ण मोर्चा भी मोर्चा संभाले हुए हैं।

    इन दोनों पार्टियों के प्रत्याशियों का नुक्सान भी भाजपा को ही होता है। ऐसे में मुसाफिर का मैदान में उतरवाया जाना अतिशयोक्ति ना होगा। कुल मिलाकर कहा जा सकता है कि इस विधानसभा क्षेत्र से अब भाजपा की प्रत्याशी रीना कश्यप फिर से जीतेगी यह लगभग तय माना जा रहा है। देखना यह भी होगा कि जो भीड़ जीआर मुसाफिर के नामांकन में नजर आई क्या वह खुलकर मुसाफिर का समर्थन भी करती है या नहीं इसको साबित करना जरूरी होगा।

  • Chamenji Double Murder: मां-बेटे के मर्डर केस की जानकारी देने वाले को एक लाख का इनाम

    Chamenji Double Murder: मां-बेटे के मर्डर केस की जानकारी देने वाले को एक लाख का इनाम

    HNN / पच्छाद

    सिरमौर के पच्छाद उपमंडल में 9 साल के बच्चे और उसकी मां की बेरहमी से हत्या मामले में पुलिस के हाथ अब तक खाली हैं। एक सप्ताह बीत जाने के बाद भी फारेंसिक टीम की रिपोर्ट न आने से पुलिस की जांच आगे नहीं बढ़ पाई है। न ही अभी तक कोई सबूत पुलिस के हाथ लगा है।

    ऐसे में बुधवार यानि आज हिमाचल प्रदेश पुलिस के आफिशल टि्वटर हैंडल पर डबल मर्डर केस की किसी भी तरह की जानकारी, जो पुलिस के लिए सहायक सिद्ध हो सके, सूचना देने वाले व्यक्ति को हिमाचल प्रदेश पुलिस एक लाख रुपये का इनाम भी देगी। पुलिस ने कहा कि जानकारी देने वाले की पहचान गुप्त रखी जाएगी।

    यह की अपील

    टि्वटर हैंडल पर हिमाचल प्रदेश पुलिस की ओर से लिखा गया है कि अपराधी को गिरफ्तार करने में सहायक किसी भी जानकारी प्रदान करने के लिए जिला सिरमौर के पुलिस अधीक्षक रमन कुमार मीणा के मोबाइल नंबर 93179 21120 और पुलिस अधीक्षक ला एंड आर्डर शिमला मुख्यालय श्रृष्टि पांडे के मोबाइल नंबर 99075 68359 पर संपर्क किया जा सकता है। जानकारी देने वाले व्यक्ति की पहचान गुप्त रखी जाएगी।

    गौरतलब है कि चमेंजी पंचायत में डबल मर्डर केस में मृतक 32 वर्षीय उर्मिला का गला किसी तेजधार हथियार से बेरहमी से काटा गया था। उर्मिला के नौ वर्षीय बेटे सक्षम पर किसी भारी हथियार से पर हमला किया गया था। इसके बाद से मृतक उर्मिला के मायके वाले लगातार पुलिस तथा सरकार से इस मामले में दोषियों की गिरफ्तारी की जल्द से जल्द की मांग कर रहे थे।

    अब देखना है कि ट्विटर पर जारी इस अपील के बाद पुलिस को क्या कोई सूचना मिलती है, जिस पर वह आगामी कार्यवाही करेगी।