अवैध खनन पर ऊना प्रशासन का कड़ा रुख, पांच खनन इकाइयां निलंबित
Himachalnow / ऊना / वीरेंद्र बन्याल
पर्यावरण संरक्षण के लिए उपायुक्त की सख्त कार्रवाई, जनता से सहयोग की अपील
ऊना जिले में अवैध और अवैज्ञानिक खनन को रोकने के लिए उपायुक्त जतिन लाल ने सोमवार को विभिन्न क्षेत्रों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान खनन नियमों और वैज्ञानिक प्रक्रियाओं का उल्लंघन पाए जाने पर पांच खनन इकाइयों को तीन महीने के लिए निलंबित कर दिया गया।
निलंबित खनन इकाइयों में लखविंदर सिंह यूनिट 3 (गोंदपुर बुल्ला), लखविंदर सिंह यूनिट 1 (पोलियां), महादेव स्टोन क्रशर (नंगल खुर्द), एसएस स्टोन क्रशर (हलेरां बिलना), और बिल्डिंग स्ट्रेच क्रशिंग ज़ोन (पुबोवाल) शामिल हैं।
प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण प्राथमिकता
उपायुक्त जतिन लाल ने कहा कि ऊना जिला प्राकृतिक संसाधनों से समृद्ध है और इनका संरक्षण सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिकता है। अवैज्ञानिक खनन से पर्यावरण को भारी नुकसान पहुंचता है और यह स्थानीय समुदाय के लिए भी खतरा बनता है।
निगरानी तंत्र को मजबूत करने के निर्देश
उपायुक्त ने अधिकारियों को अवैध खनन पर निगरानी बढ़ाने और नियमित निरीक्षण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अवैध खनन में लिप्त व्यक्तियों और इकाइयों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।
जनता से सहयोग की अपील
उपायुक्त ने जनता से अपील की कि यदि उन्हें अवैध या अवैज्ञानिक खनन से जुड़ी किसी भी गतिविधि की जानकारी मिले, तो वे तुरंत अधिकारियों को सूचित करें। इस सहयोग से जिले में अवैध खनन को पूरी तरह रोका जा सकेगा।
यह कार्रवाई जिला प्रशासन के पर्यावरण संरक्षण और कानून के पालन को लेकर सख्त रुख को दर्शाती है।