Loading...

मिड-डे-मील वर्करों को हर छह माह बाद देना होगा फिटनेस सर्टिफिकेट

PARUL • 13 Nov 2024 • 1 Min Read

Himachalnow/शिमला

हिमाचल प्रदेश में सरकारी स्कूलों में कार्यरत मिड-डे-मील वर्करों को अब हर छह माह बाद फिटनेस सर्टिफिकेट देना होगा। स्कूलों में मिड-डे मील के तहत तैनात कर्मियों को हर छह माह बाद अपने स्वास्थ्य की जांच करवानी होगी।

इसकी जांच के लिए जल्द शिक्षा विभाग की टीम भी स्कूलों का निरीक्षण कर जांच करेंगी। एनएफएसए के तहत मिड-डे-मील वर्करों का मेडिकल होगा। यह फैसला स्वच्छ भोजन को लेकर लिया गया है। इसके अलावा खाना बनाते समय टोपी, ग्लब्स समेत अन्य स्वच्छता का भी ध्यान रखना होगा।

फिटनेस सर्टिफिकेट या गुणवत्ता में कमी पाए जाने पर स्कूल मुखिया के खिलाफ भी कार्रवाई की जा सकती है। इसके अलावा राशन की निगरानी का जिम्मा स्कूल मुखिया और मिड डे मील इंचार्ज को सौंपा है। राशन की गुणवत्ता में कमी पाए जाने पर स्कूल मुखिया के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।