Employee / सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद अनुबंध प्रवक्ताओं से अतिरिक्त भत्तों की होगी वसूली
Employee / हिमाचल प्रदेश के सरकारी स्कूलों में अनुबंध आधार पर कार्यरत प्रवक्ताओं को निर्धारित वेतन से अधिक दिए गए भत्तों और वित्तीय लाभों की वसूली की जाएगी। सुप्रीम कोर्ट के हालिया फैसले के बाद शिक्षा निदेशालय ने प्रदेशभर में रिकवरी प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश जारी किए हैं। इसके बाद जिलों के उप-शिक्षा निदेशकों ने स्कूल प्रधानाचार्यों को संबंधित कर्मचारियों की पहचान कर आवश्यक कार्रवाई करने के लिए पत्र भेज दिए हैं।
हिमाचल प्रदेश
अनुबंध प्रवक्ताओं के वेतनमान और भत्तों के भुगतान से जुड़ा यह मामला लंबे समय से न्यायालयों में विचाराधीन था। विभिन्न याचिकाओं के आधार पर मिली राहत के बाद कई कर्मचारियों को निर्धारित अनुबंध वेतन के अतिरिक्त वित्तीय लाभ दिए गए थे। अब सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार की विशेष अनुमति याचिका संख्या 33813/2025, स्टेट ऑफ हिमाचल प्रदेश बनाम जसमीत सिंह एवं अन्य, पर सुनवाई करते हुए फैसला सुनाया है। इसी निर्णय के अनुपालन में शिक्षा विभाग ने आगे की कार्रवाई शुरू की है।
अतिरिक्त भुगतान की राशि का होगा आकलन
शिक्षा निदेशालय ने सभी उपनिदेशकों को निर्देश दिया है कि निर्धारित अनुबंध वेतन से अधिक भत्ते या अन्य वित्तीय लाभ प्राप्त करने वाले प्रवक्ताओं की पहचान की जाए। विभाग प्रत्येक संबंधित कर्मचारी को जारी अतिरिक्त राशि का आकलन करेगा और उसी आधार पर रिकवरी निर्धारित की जाएगी। स्कूल प्रधानाचार्यों को भी रिकॉर्ड की जांच कर जरूरी जानकारी उपलब्ध कराने तथा निर्देशों के अनुसार तत्काल प्रक्रिया आगे बढ़ाने को कहा गया है।
करीब 300 अनुबंध प्रवक्ता हो सकते हैं प्रभावित
शिक्षा विभाग के इस निर्णय का प्रभाव प्रदेश के करीब 300 अनुबंध प्रवक्ताओं पर पड़ सकता है। इन शिक्षकों को पिछले वर्षों में न्यायालय के आदेशों के आधार पर अनुबंध वेतन के अलावा अतिरिक्त भुगतान मिला था। विभाग अब कर्मचारीवार भुगतान का रिकॉर्ड जांच रहा है, ताकि यह स्पष्ट किया जा सके कि किस प्रवक्ता को कितनी अतिरिक्त राशि दी गई और उससे कितनी वसूली की जानी है।