सिरमौर में मानसिक रूप से अस्वस्थ बेघर लोगों की पहचान के लिए तीन दिवसीय विशेष अभियान शुरू
जिला सिरमौर में मानसिक रूप से अस्वस्थ और सड़कों पर रह रहे बेघर व्यक्तियों की पहचान, उपचार और पुनर्वास के लिए तीन दिवसीय विशेष अभियान शुरू किया गया है। यह अभियान 7 से 9 अक्तूबर तक चलेगा। इस दौरान सार्वजनिक स्थानों, सड़कों और धार्मिक स्थलों के आसपास भटक रहे जरूरतमंद लोगों की पहचान कर उन्हें चिकित्सा, सुरक्षित आश्रय और उचित पुनर्वास से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
नाहन
NALSA और राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के दिशा-निर्देश पर अभियान
राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (NALSA) और हिमाचल प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के दिशा-निर्देशों के तहत जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण (DLSA) सिरमौर की ओर से अभियान चलाया जा रहा है। इसका उद्देश्य मानसिक रूप से अस्वस्थ ऐसे बेघर लोगों को चिन्हित करना है, जिन्हें तत्काल उपचार, सुरक्षित आश्रय और पुनर्वास की आवश्यकता है।
मानसिक स्वास्थ्य केंद्र और पुनर्वास संस्थानों से जोड़ा जाएगा
अभियान के दौरान चिन्हित व्यक्तियों को रेस्क्यू कर सरकारी मानसिक स्वास्थ्य केंद्रों और उचित पुनर्वास संस्थानों में दाखिल करवाया जाएगा। प्रयास रहेगा कि उपचार और पुनर्वास के माध्यम से इन लोगों को सुरक्षित एवं गरिमापूर्ण जीवन जीने का अवसर मिल सके।
प्रशासन, पुलिस और स्वास्थ्य विभाग मिलकर करेंगे काम
अभियान को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण, जिला प्रशासन, पुलिस विभाग, स्वास्थ्य विभाग तथा सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग संयुक्त रूप से कार्य कर रहे हैं। इसके साथ DLSA सिरमौर के पैरा लीगल वॉलंटियर्स को भी अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय रहने के निर्देश दिए गए हैं। किसी मानसिक रूप से पीड़ित बेघर व्यक्ति की जानकारी मिलने पर वॉलंटियर्स संबंधित अधिकारियों तक सूचना पहुंचाने में सहयोग करेंगे।
सचिव ने आम लोगों से मांगा सहयोग
जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण सिरमौर के सचिव श्री नव कमल ने आम जनता, स्थानीय निकायों और सामाजिक संस्थाओं से अभियान में सहयोग की अपील की है। उन्होंने कहा कि यदि किसी व्यक्ति को अपने आसपास, गली-मोहल्ले या सार्वजनिक स्थान पर कोई ऐसा बेघर व्यक्ति दिखाई देता है, जो मानसिक रूप से अस्वस्थ प्रतीत हो रहा हो, तो इसकी सूचना नजदीकी पुलिस स्टेशन, स्थानीय प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग या जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण के कार्यालय को दी जाए। समय पर सूचना और सहयोग से जरूरतमंद व्यक्ति को उचित उपचार और नया जीवन मिलने में मदद मिल सकती है।