पौंग डैम झील को मिलेगा पर्यटन हब का दर्जा , स्वदेश दर्शन 2.0 के तहत होगा विकास

पौंग डैम झील को मिलेगा पर्यटन हब का दर्जा, स्वदेश दर्शन 2.0 के तहत होगा विकास

केंद्र सरकार ने हिमाचल प्रदेश के काँगड़ा जिले की पौंग डैम झील को एक प्रमुख पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने का निर्णय लिया है। यह पहल “स्वदेश दर्शन 2.0” योजना के तहत की जा रही है, जिसका उद्देश्य देश में दीर्घकालिक और जिम्मेदार पर्यटन को बढ़ावा देना है ।

इस योजना के तहत, लाहौल-स्पीति जिले के काजा क्षेत्र को सांस्कृतिक और विरासत श्रेणी में “चैलेंज-बेस्ड डेस्टिनेशन डेवलपमेंट” मॉडल के तहत चुना गया है। इसके अलावा, रकछम-छितकुल क्षेत्र को वाइब्रेंट विलेज श्रेणी में शामिल कर पर्यटन गतिविधियों का विस्तार किया जाएगा ।

पहले चरण में स्वदेश दर्शन योजना के अंतर्गत, हिमाचल प्रदेश के विभिन्न पर्यटन स्थलों जैसे कियारीघाट, शिमला, मनाली, हाटकोटी, काँगड़ा, धर्मशाला, बीड़, पालमपुर और चंबा के विकास के लिए 68.34 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई थी। इन परियोजनाओं का उद्देश्य हिमालयन सर्किट को एक आकर्षक पर्यटन केंद्र बनाना है ।

स्वदेश दर्शन 2.0 के माध्यम से चयनित स्थलों पर विशेष ध्यान देकर पर्यटकों के लिए विश्वस्तरीय सुविधाएं विकसित की जाएंगी । यह कदम हिमाचल प्रदेश में पर्यटन के नए आयाम स्थापित करेगा और स्थानीय रोजगार के अवसरों को भी बढ़ावा देगा ।