बीड़ बिलिंग / भारत का पहला पैराग्लाइडिंग स्कूल, देश और विदेश से लोग पैराग्लाइडिंग की कोचिंग ले सकेंगे

देश और विदेश से लोग पैराग्लाइडिंग की कोचिंग ले सकेंगे

मुख्यमंत्री द्वारा उद्घाटन और स्कूल की महत्वता
बीड़ बिलिंग घाटी, जो पैराग्लाइडिंग के लिए विश्व प्रसिद्ध है, में 25 जनवरी को देश के पहले पैराग्लाइडिंग स्कूल का उद्घाटन मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुख द्वारा किया जाएगा। 9 करोड़ रुपये की लागत से तैयार यह स्कूल, खेल मंत्रालय द्वारा वर्ष 2015 में स्वीकृत बजट से स्थापित किया गया है। इस स्कूल के खुलने से प्रदेश में बढ़ती पैराग्लाइडिंग दुर्घटनाओं पर अंकुश लगेगा और इस क्षेत्र में सुरक्षा के नए मानक स्थापित होंगे।

देश का पहला सरकारी पैराग्लाइडिंग स्कूल
बिलिंग पैराग्लाइडिंग एसोसिएशन के अध्यक्ष अनुराग शर्मा ने बताया कि यह भारत का पहला सरकारी पैराग्लाइडिंग स्कूल है। जहां देश और विदेश से लोग पैराग्लाइडिंग की कोचिंग ले सकेंगे। इस स्कूल में बेसिक, इंटरमीडिएट और एडवांस कोर्स के तहत पैराग्लाइडिंग की ट्रेनिंग दी जाएगी, और यहां प्रशिक्षकों की सर्टिफिकेशन भी की जाएगी, जिससे वे अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धाओं में भी भाग ले सकेंगे।

सुरक्षा में सुधार और दुर्घटनाओं में कमी
इस स्कूल के उद्घाटन से पैराग्लाइडिंग दुर्घटनाओं में कमी आने की उम्मीद जताई जा रही है। स्कूल से ट्रेंड हुए पायलट सोलो पैराग्लाइडिंग के लिए प्रशिक्षित होंगे, और उन्हें आवश्यक थ्योरी ज्ञान के साथ पूरी तरह से तैयार किया जाएगा। इसके बाद वे टेंडम पैराग्लाइडिंग भी शुरू कर सकेंगे, जिससे सुरक्षा में भी सुधार होगा।

पर्यटन उद्योग को बढ़ावा और सुविधाएं
बैजनाथ के विधायक किशोरी लाल ने बताया कि इस स्कूल की शुरुआत से न केवल पैराग्लाइडिंग enthusiasts को लाभ मिलेगा, बल्कि पर्यटन व्यवसाय को भी एक नया बल मिलेगा। बीड़ में पार्किंग की नई सुविधाएं भी बनाई गई हैं, और स्कूल के उद्घाटन के साथ ही पर्यटकों के लिए ठहरने की बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, जिससे यहां आने वाले यात्रियों और पायलटों को सहूलियत होगी।

नए अवसर और विकास की दिशा
पैराग्लाइडिंग स्कूल के उद्घाटन से बीड़ बिलिंग में साहसिक खेलों के क्षेत्र में नए अवसर खुलेंगे और स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए रास्ते बनेंगे। यह कदम न केवल खेलों को बढ़ावा देगा, बल्कि क्षेत्र के समग्र विकास में भी योगदान करेगा।