सलानी कटोला स्टोन क्रशर का एसडीएम, खनन तथा वन विभाग ने किया निरीक्षण
शिकायतकर्ताओं सहित विभाग ने भी माना नहीं है इलीगल माइनिंग मगर….
HNN/ नाहन
नाहन विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत सलानी कटोला पंचायत के अंतर्गत मां वैष्णो स्टोन क्रशर पर लगे अवैध माइनिंग के आरोप निराधार पाए गए हैं। गांव के कुछ लोगों के द्वारा हाल ही में क्रशर पर अवैध खनन किए जाने की शिकायत उपायुक्त से की गई थी। प्रशासन के द्वारा तुरंत कार्यवाही अमल में लाते हुए आज वीरवार को एसडीएम नाहन रजनेश कुमार, जिला खनन अधिकारी कुलभूषण शर्मा, रेंज ऑफिसर वन विभाग राजेंद्र ने पूरी टीम के साथ मौके का निरीक्षण किया।

इस दौरान शिकायतकर्ताओं की ओर से ग्राम प्रधान अनीता देवी, पंचायत मेंबर्स आदि भी मौजूद रहे। ग्राम प्रधान और शिकायतकर्ताओं ने मौके पर निरीक्षण के दौरान बताया कि जिस जगह लीज होल्डर के द्वारा रॉ मैटेरियल उठाया जा रहा है वह गलत है। शिकायतकर्ता रामकुमार, बबल, नरेश, राकेश, ओम प्रकाश, रोहित आदि का कहना है कि खनन के कारण उनके घरों को नुकसान पहुंच रहा है। उन्होंने कहा कि यदि इसी प्रकार खनन चला रहा तो उनकी जमीन और मकान को और नुकसान हो सकता है।

हैरानी तो इस बात की है कि शिकायतकर्ताओं के द्वारा प्रशासन से अवैध खनन की शिकायत की गई थी। प्रशासन ने शिकायत पर संज्ञान लेते हुए किए गए मौका निरीक्षण में कहीं पर भी अवैध खनन नहीं पाया। मौके पर गई आधिकारिक टीम ने खनन से लोगों को होने वाले नुकसान को लेकर जांच को आगे बढ़ाया है। एसडीएम के द्वारा दोनों पक्षों को आने वाले मंगलवार के लिए मुख्यालय भी बुलाया है।

गौर करने वाली बात तो यह है कि पंचायत में दो अलग-अलग गुट बने हुए हैं जिनमें से एक पक्ष विरोध करने वालों की शिकायत को निराधार बता रहे हैं। इन लोगों में शामिल महेंद्र, रमेश, फौजी, सुरेंद्र, राजीव आदि का कहना है कि उनकी रोजी-रोटी का एकमात्र जरिया यह स्टोन क्रशर है। इन लोगों का कहना है कि प्लीज होल्डर के द्वारा किसी भी तरह का अवैध खनन नहीं किया जाता है। लोगों का यह भी कहना है कि जिस नुकसान की यह बात कर रहे हैं उस जगह से इन लोगों के घर काफी दूर हैं।

लोगों का यह भी कहना है कि यदि झूठी शिकायतों के कारण उनका रोजगार अगर प्रभावित होता है तो वह इन लोगों के खिलाफ मोर्चा खोलेंगे। इन लोगों ने यह भी कहा कि झूठी शिकायतों के चलते उनका रोजगार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है जिसकी शिकायत वह स्थानीय विधायक से भी करेंगे। वहीं शिकायतकर्ता पक्ष की ओर से रामकुमार, नरेश, राकेश आदि का कहना है कि जिस लीज वाली जगह पर यह रॉ मैटेरियल उठा रहे हैं उसे आने-जाने वालों का रास्ता प्रभावित हो रहा है।
इन्होंने कहा कि बरसात के दौरान स्कूल आने-जाने वाले बच्चों को काफी खतरा भी हो जाता है। उन्होंने कहा कि जिस जगह भूमि कटाव हो रहा है वहां पर वह किसी भी सूरत में खनन नहीं करने देंगे। शिकायतकर्ताओं का यह भी कहना है कि नदी में खनन करने के चलते उनकी सिंचाई व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है। बता दें कि मां वैष्णो स्टोन क्रशर की करीब 40 बीघा 10 बिसवा की लीज की परमिशन है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि प्लीज होल्डर के द्वारा न केवल स्थानीय लोगों को रोजगार दिया गया है बल्कि क्षेत्र के सामाजिक सरोकारों में भी वह हमेशा सकारात्मक रवैया अपनाते हैं। वहीं एसडीएम नाहन रजनेश कुमार ने बताया कि वीरवार को उनके द्वारा मौका निरीक्षण किया गया। उन्होंने कहा कि प्राथमिक जांच में कहीं भी अवैध खनन नहीं पाया गया है।
उन्होंने कहा कि शिकायतकर्ताओं के अनुसार लोगों को हो रहे निजी नुकसान को लेकर विस्तृत रूप से जांच की जा रही है। वहीं जिला खनन अधिकारी कुलभूषण शर्मा का कहना है कि लीज होल्डर के द्वारा किसी भी तरह की अवैध माइनिंग नहीं की जा रही है। उन्होंने कहा कि यदि नियमों से बाहर खनन किया जाएगा तो कार्यवाही अमल में लाई जाएगी। वहीं, नाहन वन क्षेत्र रेंज ऑफिसर राजेंद्र ने कहा कि लीज होल्डर के द्वारा किसी भी तरह से कहीं पर भी वन विभाग की जमीन से छेड़छाड़ नहीं की गई है।