हिमाचल प्रदेश में मानसून का तांडव थमने का नाम नहीं ले रहा। भारी बारिश से कई जिलों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। मौसम विभाग ने आज और कल के लिए रेड अलर्ट जारी किया है।
शिमला
मौसम विभाग का पूर्वानुमान और चेतावनी
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने जानकारी दी है कि प्रदेश में मानसून फिलहाल पूरी तरह सक्रिय है। 25 अगस्त को चंबा, कांगड़ा और मंडी के लिए रेड अलर्ट, बिलासपुर और कुल्लू के लिए ऑरेंज अलर्ट तथा शिमला के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। 26 अगस्त को चंबा और कांगड़ा के लिए फिर रेड अलर्ट, मंडी के लिए ऑरेंज अलर्ट और बिलासपुर व हमीरपुर के लिए भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। 27 अगस्त को शिमला, सिरमौर और मंडी जिलों में भारी बारिश की संभावना है।
पिछले 24 घंटों में बारिश का असर
बीते 24 घंटों में बग्गी, कांगड़ा, मंडी, गोहर, कोठी, बंजार, भरमौर, मनाली, कुकुमसेरी और सराहन सहित कई क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज हुई। अंब, धर्मशाला, कसौली, सुंदरनगर, ऊना, चंबा और पालमपुर में भारी बारिश हुई, जबकि बिलासपुर और जोत में बहुत भारी बारिश रिकॉर्ड की गई।
भूस्खलन और बाढ़ जैसे हालात
लगातार बारिश के कारण तीन राष्ट्रीय राजमार्गों सहित 625 सड़कें बंद हो गई हैं। इसके अलावा 1533 ट्रांसफार्मर ठप हो गए और 168 पेयजल योजनाएं प्रभावित हुईं, जिससे जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है।
मानसून सीजन में अब तक का नुकसान
राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की रिपोर्ट के अनुसार, 20 जून से 24 अगस्त तक के मानसून सीजन में अब तक 303 लोगों की मौत हो चुकी है और 360 लोग घायल हुए हैं। 1212 घर पूरी तरह से ढह गए हैं और 37 हजार से अधिक मकान आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हुए हैं।
तापमान में गिरावट
शिमला में अधिकतम तापमान 22.4 और न्यूनतम 16.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कल्पा का अधिकतम तापमान 22.8 और न्यूनतम 13.2 डिग्री, जबकि मनाली का अधिकतम 18.6 और न्यूनतम 14.2 डिग्री रहा। केलांग का न्यूनतम तापमान मात्र 5.9 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
लोगों से अपील
प्रशासन ने जनता से सतर्क रहने और पहाड़ी रास्तों पर यात्रा से बचने की सलाह दी है। चेतावनी दी गई है कि मौसम सामान्य होने तक सावधानी ही सुरक्षा है।










