Census / जनगणना 2027 के तहत 15 जून तक उपलब्ध है स्व-गणना सुविधा, नागरिकों से पंजीकरण का आग्रह
Census : जनगणना 2027 के अंतर्गत नागरिकों को ऑनलाइन स्व-गणना की सुविधा प्रदान की गई है, जिसके तहत परिवार स्वयं अपनी जानकारी पोर्टल पर दर्ज कर सकते हैं। मंडी सदर प्रशासन ने नागरिकों से 15 जून की निर्धारित समय सीमा से पहले इस प्रक्रिया को पूरा करने का आग्रह किया है।
मंडी
15 जून तक उपलब्ध रहेगी स्व-गणना सुविधा
उपमंडलाधिकारी (नागरिक) एवं सहायक जनगणना अधिकारी मंडी सदर रुपिंदर कौर ने उपमंडल के नागरिकों से जनगणना 2027 के अंतर्गत स्व-गणना (सेल्फ एन्यूमरेशन) सुविधा का उपयोग करने का आग्रह किया है। उन्होंने बताया कि भारत सरकार द्वारा पहली बार डिजिटल जनगणना के तहत नागरिकों को स्वयं ऑनलाइन अपनी जनगणना संबंधी जानकारी दर्ज करने की सुविधा प्रदान की गई है। इस व्यवस्था का उद्देश्य जनगणना प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित बनाना तथा नागरिकों को अपनी जानकारी स्वयं दर्ज करने का विकल्प उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि निर्धारित अवधि के दौरान नागरिक अपने परिवार और आवास से संबंधित विवरण ऑनलाइन माध्यम से उपलब्ध करा सकते हैं।
ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से दर्ज कर सकते हैं जानकारी
रुपिंदर कौर ने बताया कि मंडी सदर उपमंडल के नागरिक घर बैठे ऑनलाइन पोर्टल se.census.gov.in पर जाकर अपनी तथा अपने परिवार की जनगणना संबंधी जानकारी दर्ज कर सकते हैं। स्व-गणना की अंतिम तिथि 15 जून निर्धारित की गई है। उन्होंने कहा कि निर्धारित समय सीमा के भीतर पंजीकरण और जानकारी दर्ज करने से जनगणना प्रक्रिया को सुचारू रूप से संचालित करने में सहायता मिलेगी। नागरिकों को परिवार के सभी सदस्यों तथा आवास संबंधी विवरण सही और अद्यतन रूप में दर्ज करने की सलाह दी गई है।
मोबाइल नंबर से होगा पंजीकरण
उन्होंने बताया कि नागरिक पोर्टल पर मोबाइल नंबर के माध्यम से पंजीकरण कर सकते हैं। पंजीकरण के बाद परिवार एवं आवास संबंधी आवश्यक जानकारी भरकर ऑनलाइन प्रपत्र जमा किया जा सकता है। सफल पंजीकरण के उपरांत प्रत्येक परिवार को एक विशिष्ट सेल्फ एन्यूमरेशन आईडी प्रदान की जाएगी, जिसका उपयोग भविष्य में संदर्भ के लिए किया जा सकेगा। प्रशासन के अनुसार प्रक्रिया को सरल रखने के लिए पोर्टल पर चरणबद्ध व्यवस्था उपलब्ध करवाई गई है, जिससे नागरिक आसानी से अपनी जानकारी दर्ज कर सकें।
स्व-गणना प्रक्रिया से मिलेगी सुविधा
सहायक जनगणना अधिकारी ने कहा कि स्व-गणना के माध्यम से नागरिक घर बैठे अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं, जिससे उन्हें निर्धारित समय पर गणनाकर्मियों की प्रतीक्षा करने की आवश्यकता नहीं होगी। उन्होंने बताया कि यह प्रक्रिया ऑनलाइन माध्यम से संचालित की जा रही है तथा जनगणना संबंधी आंकड़े विभिन्न सरकारी योजनाओं, आधारभूत सुविधाओं के विकास, संसाधनों के वितरण और प्रशासनिक योजना निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। सटीक आंकड़ों के आधार पर विभिन्न क्षेत्रों की आवश्यकताओं का आकलन किया जाता है।
स्व-गणना नहीं करने पर घर-घर पहुंचेंगे गणनाकर्मी
रुपिंदर कौर ने स्पष्ट किया कि यदि कोई परिवार स्व-गणना प्रक्रिया पूरी नहीं करता है, तब भी जनगणना कर्मी घर-घर जाकर आवश्यक जानकारी एकत्र करेंगे। उन्होंने कहा कि स्व-गणना सुविधा नागरिकों को अतिरिक्त विकल्प के रूप में उपलब्ध करवाई गई है, ताकि वे अपनी सुविधा के अनुसार जानकारी दर्ज कर सकें। उन्होंने सभी नागरिकों से 15 जून से पहले स्व-गणना प्रक्रिया पूरी करने का आग्रह करते हुए कहा कि सही और पूर्ण जानकारी उपलब्ध कराना जनगणना प्रक्रिया का महत्वपूर्ण हिस्सा है, जिससे आधिकारिक आंकड़ों की गुणवत्ता और उपयोगिता सुनिश्चित की जा सके।