धुम्मू शाह मेले में सांस्कृतिक संध्या का आयोजन
Himachalnow / धर्मशाला
धर्मशाला में धुम्मू शाह दाड़ी मेले के अंतर्गत आयोजित सांस्कृतिक संध्या में लोक कलाकारों ने लोकनृत्य, गीत और संगीत की प्रस्तुतियों से कार्यक्रम में उपस्थित लोगों को जोड़े रखा और पूरे आयोजन के दौरान पारंपरिक संस्कृति का प्रदर्शन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिरिक्त उपायुक्त विनय कुमार द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।
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सांस्कृतिक संध्या का शुभारंभ और संदेश
सांस्कृतिक संध्या का शुभारंभ एडीसी विनय कुमार ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि पारंपरिक मेलों के माध्यम से लोक संस्कृति का संरक्षण और संवर्धन संभव होता है और इससे युवाओं को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने में मदद मिलती है। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी को अपनी विरासत के प्रति जागरूक करना आवश्यक है ताकि परंपराएं आगे बढ़ती रहें।
लोक कलाकारों की प्रस्तुतियां और दर्शकों की भागीदारी
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न क्षेत्रों से आए लोक कलाकारों ने लोकनृत्य, गीत और संगीत की प्रभावशाली प्रस्तुतियां दीं। इन प्रस्तुतियों को दर्शकों ने सराहा और पूरे आयोजन में उत्साह का माहौल बना रहा। कलाकारों की प्रस्तुतियों ने मेले की सांस्कृतिक संध्या को विशेष बना दिया।
मेले का महत्व और प्रशासनिक उपस्थिति
एडीसी विनय कुमार ने कहा कि धुम्मू शाह मेला सांस्कृतिक, व्यापारिक और दंगल गतिविधियों के लिए जाना जाता है और ऐसे आयोजन सामाजिक एकता को मजबूत करते हैं। इस अवसर पर मेला अधिकारी एसडीएम मोहित रत्न, नगर निगम संयुक्त आयुक्त सुरेंद्र कुमार, डीडीओ ग्रामीण विकास भानू प्रताप सिंह, जिला भाषा अधिकारी अमित गुलेरी सहित अन्य अधिकारी और बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे।