हरिपुरधार के चिकित्सक की चिट्टा मामले में गिरफ्तारी, पुलिस जांच में ऑनलाइन सबूत की पुष्टि
Himachalnow / सिरमौर
हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले में चिट्टा मामले की जांच के दौरान सीएचसी हरिपुरधार के एक चिकित्सक को गिरफ्तार किया गया है, जो पूछताछ में सामने आए तथ्यों के आधार पर कार्रवाई का हिस्सा है। पुलिस को जांच में ऑनलाइन लेनदेन और चैट रिकॉर्ड जैसे अहम सबूत मिले हैं, जिनसे पूरे नेटवर्क को समझने में मदद मिली है।
सिरमौर/हरिपुरधार
चिट्टा मामले में डॉक्टर की गिरफ्तारी
सिरमौर जिला पुलिस ने चिट्टा मामले में जांच को आगे बढ़ाते हुए सीएचसी हरिपुरधार के चिकित्सक डॉ. आदित्य को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई 31 मार्च को 6.68 ग्राम चिट्टे के साथ पकड़े गए दो युवकों से मिली जानकारी के आधार पर की गई, जिसमें मामले से जुड़े कई महत्वपूर्ण तथ्य सामने आए।
पूछताछ में सामने आया पूरा कनेक्शन
गिरफ्तार किए गए आरोपी अभिमन्यु ठाकुर और भानु गर्ग से पूछताछ के दौरान यह स्पष्ट हुआ कि उन्हें स्कूटी के माध्यम से नारायणगढ़ से चिट्टा लाने के लिए भेजा गया था। पुलिस जांच में सामने आया कि इस पूरी प्रक्रिया में चिकित्सक की भूमिका रही, जिसके आधार पर आगे कार्रवाई की गई।
ऑनलाइन सबूत और जांच के निष्कर्ष
जांच के दौरान पुलिस को ऑनलाइन लेनदेन और व्हाट्सएप चैट से जुड़े पुख्ता सबूत प्राप्त हुए हैं। एसपी एनएस नेगी के अनुसार इन सबूतों के आधार पर मामले की कड़ियों को जोड़ा गया और संबंधित व्यक्ति की भूमिका की पुष्टि होने के बाद गिरफ्तारी की गई।
पहले की कार्रवाई और बरामदगी
31 मार्च को जिला पुलिस ने चंडीगढ़-देहरादून राष्ट्रीय राजमार्ग पर कांगनवाला नेचर पार्क के पास स्कूटी सवार दो युवकों को 6.68 ग्राम चिट्टे (हेरोइन) के साथ गिरफ्तार किया था। दोनों आरोपी नाहन क्षेत्र के निवासी हैं और उनसे पूछताछ के बाद मामले की जांच आगे बढ़ी।
हरियाणा कनेक्शन की जांच जारी
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि चिट्टा नारायणगढ़ (हरियाणा) से खरीदा गया था, जहां से इसे आगे लाया जा रहा था। पुलिस मुख्य सप्लायर की पहचान और गिरफ्तारी के लिए हरियाणा पुलिस के साथ समन्वय कर रही है और मामले की गहन जांच जारी है।