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हिमाचल वित्तीय संकट की ओर, मुख्यमंत्री नैतिकता के आधार पर दें इस्तीफा: जयराम ठाकुर

PRIYANKA THAKUR • 3 Hours Ago • 1 Min Read

Himachalnow / सिरमौर

हिमाचल प्रदेश की आर्थिक स्थिति को लेकर नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कांग्रेस सरकार पर गंभीर आरोप लगाए और इसे वित्तीय संकट की ओर बढ़ता बताया। उन्होंने मुख्यमंत्री से नैतिकता के आधार पर इस्तीफा देने की मांग करते हुए कहा कि सरकार हालात संभालने में विफल रही है। साथ ही कानून व्यवस्था और महिलाओं के मुद्दों पर भी सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए गए।

पांवटा साहिब

पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि हिमाचल प्रदेश वित्तीय संकट की ओर बढ़ रहा है और सरकार स्थिति संभालने में पूरी तरह नाकाम साबित हुई है। उन्होंने मुख्यमंत्री से नैतिकता के आधार पर इस्तीफा देने की मांग उठाई।पांवटा साहिब में पत्रकारों से बातचीत करते हुए जयराम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश की आर्थिक स्थिति लगातार बिगड़ रही है। हालात इस कदर खराब हैं कि उच्च अधिकारियों, मंत्रियों और विधायकों तक की सैलरी डेफर करनी पड़ रही है, जो गंभीर वित्तीय संकट का संकेत है।

उन्होंने आरोप लगाया कि साढ़े तीन वर्षों में कांग्रेस सरकार ने आर्थिक सुधार के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए, बल्कि अनावश्यक खर्चों का बोझ जनता पर डाला गया। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में सीपीएस, कैबिनेट दर्जे के सलाहकार और विधिक अधिकारियों की नियुक्तियां की गईं, लेकिन इसके बावजूद सरकार को अपेक्षित परिणाम नहीं मिल रहे हैं।जयराम ठाकुर ने कहा कि अब सैलरी डेफर कर सरकार अपनी जिम्मेदारियों से बचने का प्रयास कर रही है, जो पूरी तरह अस्वीकार्य है।

कानून व्यवस्था के मुद्दे पर भी उन्होंने सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि प्रदेश में आए दिन हत्या जैसी घटनाएं सामने आ रही हैं, जिससे साफ है कि कानून व्यवस्था पूरी तरह लड़खड़ा चुकी है और सरकार का कोई नियंत्रण नहीं रह गया है।इस दौरान उन्होंने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर भी कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और उसके शीर्ष नेता महिलाओं को उनका अधिकार देने में गंभीर नहीं हैं, जबकि केंद्र सरकार महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।
जयराम ठाकुर एक दिवसीय प्रवास पर पांवटा साहिब पहुंचे थे, जहां उन्होंने विभिन्न मुद्दों पर कांग्रेस सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए और प्रदेश के बिगड़ते हालात को लेकर चिंता जताई।

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