आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) ने जहां जीवन को सरल बना दिया है, वहीं इसके जरिए साइबर ठगी का खतरा भी बढ़ गया है। विशेषकर, DeepFake ऑडियो धोखाधड़ी के एक हाईटेक तरीके के रूप में उभरकर सामने आया है। इस तकनीक का उपयोग करके साइबर ठग किसी भी व्यक्ति की आवाज का क्लोन बना सकते हैं और धोखाधड़ी कर सकते हैं।
UAE में रिश्तेदार के बेटे की आवाज से ठगी
हाल ही में साइबर क्राइम सेल में एक ऐसा मामला सामने आया, जिसमें ठगों ने DeepFake ऑडियो का इस्तेमाल किया। इस मामले में, ठगों ने UAE में रह रहे एक व्यक्ति के बेटे की आवाज को क्लोन किया और फिर प्रिंसिपल से डेढ़ लाख रुपये ठग लिए।
ठगी का तरीका
धोखाधड़ी के शिकार व्यक्ति को UAE से रिश्तेदार के बेटे की आवाज में फोन आया। ठगों ने बताया कि रिश्तेदार का बेटा पुलिस द्वारा गिरफ्तार किया गया है और उसकी रिहाई के लिए डेढ़ लाख रुपये की मांग की जा रही है। आवाज पर विश्वास करते हुए, प्रिंसिपल ने पैसे ठगों के बताए गए अकाउंट में ट्रांसफर कर दिए। बाद में जब रिश्तेदार से संपर्क किया गया, तो पता चला कि उनका बेटा तो उनके पास ही बैठा था। इसके बाद, मामला साइबर क्राइम सेल को रिपोर्ट किया गया।
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DeepFake क्या है और कैसे काम करता है?
DeepFake एक ऐसी तकनीक है, जिसमें वाइस क्लोनिंग और उन्नत मशीन लर्निंग का इस्तेमाल किया जाता है। इसमें ठग एक व्यक्ति की आवाज का डेटा इकट्ठा करते हैं और फिर उस डेटा का उपयोग करके उनका हूबहू वॉयस क्लोन तैयार करते हैं। इसके लिए मशीन लर्निंग जनरेटिव एआई की मदद ली जाती है, जिससे व्यक्ति की आवाज में धोखाधड़ी की जाती है।
डीपफेक बनाने की प्रक्रिया
DeepFake तकनीक दो नेटवर्क पर आधारित होती है:
- एन्कोडर नेटवर्क – जो असली वीडियो या ऑडियो को एनालाइज करता है।
- डीकोडर नेटवर्क – जो डेटा को प्रोसेस करके एक नकली वीडियो या ऑडियो आउटपुट तैयार करता है।
इस तकनीक का इस्तेमाल करके ठग किसी भी व्यक्ति की आवाज का हूबहू क्लोन बना सकते हैं, जिससे धोखाधड़ी करना आसान हो जाता है।
DeepFake ऑडियो से बचने के उपाय
DeepFake ऑडियो धोखाधड़ी से बचने के लिए कुछ महत्वपूर्ण कदम उठाए जा सकते हैं:
- संदेह होने पर जांच करें: यदि आपको किसी प्रकार का फोन कॉल आता है जिसमें यह दावा किया जाता है कि आपका प्रियजन मुसीबत में है, तो पहले पूरी जांच करें।
- हेल्पलाइन नंबर का उपयोग करें: यदि आपको किसी कॉल पर संदेह हो, तो साइबर क्राइम सेल के हेल्पलाइन नंबर 1930 पर तुरंत कॉल करें।
- मशीन लर्निंग की समझ: DeepFake तकनीक को समझें और इसके खतरों से अवगत रहें, ताकि धोखाधड़ी से बच सकें।
साइबर क्राइम सेल की चेतावनी
साइबर क्राइम सेल के अधिकारी मोहित चावला ने लोगों को चेतावनी दी है कि वे ऐसे धोखाधड़ी से बचने के लिए सतर्क रहें। उन्होंने कहा कि लोग ठगी होने के बाद पुलिस से संपर्क करते हैं, लेकिन किसी भी शक के मामले में पैसे ट्रांसफर करने से पहले तुरंत साइबर क्राइम हेल्पलाइन से संपर्क करें।
DeepFake ऑडियो के माध्यम से साइबर ठगों द्वारा की जा रही धोखाधड़ी का खतरा बढ़ता जा रहा है। इस तरह की ठगी से बचने के लिए सतर्कता बहुत जरूरी है। लोगों को इस तकनीक के बारे में जागरूक किया जाना चाहिए और यदि किसी कॉल पर संदेह हो, तो तुरंत जांच करना चाहिए।
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