लेटेस्ट हिमाचल प्रदेश न्यूज़ हेडलाइंस

मासिक शिवरात्रि / 29 दिसंबर को साल की आखिरी मासिक शिवरात्रि, जानें पूजा का मुहूर्त, विधि और महत्व

हिमाचलनाउ डेस्क | 29 दिसंबर 2024 at 3:53 am

Share On WhatsApp Share On Facebook Share On Twitter

Himachalnow / नाहन

मासिक शिवरात्रि 2024 का महत्व

मासिक शिवरात्रि, जो हर महीने कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को मनाई जाती है, इस वर्ष 29 दिसंबर को विशेष रूप से मनाई जाएगी। यह दिन साल 2024 की आखिरी मासिक शिवरात्रि होगा। मासिक शिवरात्रि का व्रत भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा के लिए बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है। इस दिन व्रत रखने से मानसिक, पारिवारिक और वैवाहिक जीवन में सुख-शांति की प्राप्ति होती है। साथ ही, यह दिन नए साल में भगवान शिव के आशीर्वाद के साथ प्रवेश करने का भी अवसर प्रदान करता है। आइए जानते हैं इस दिन पूजा का सही मुहूर्त, पूजा विधि और इसके महत्व के बारे में।

हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़ें: Join WhatsApp Group


मासिक शिवरात्रि 2024 का शुभ मुहूर्त

मासिक शिवरात्रि का व्रत हर महीने कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को होता है। 29 दिसंबर को पौष कृष्ण चतुर्दशी तिथि है, जो सुबह 3:32 बजे से शुरू होकर 30 दिसंबर को सुबह 4:01 बजे तक चलेगी।

  • शिवरात्रि पूजा का शुभ मुहूर्त:
    पूजा के लिए सबसे शुभ समय रात्रि 11:56 बजे से 12:51 बजे तक रहेगा। इस समय में 55 मिनट का मुहूर्त है, जब विशेष रूप से भगवान शिव की पूजा करनी चाहिए।

मासिक शिवरात्रि पूजा विधि

मासिक शिवरात्रि के दिन पूजा विधि को बहुत ही श्रद्धा और शुद्धता के साथ करना चाहिए।

  1. प्रात:काल स्नान और ध्यान:
    सबसे पहले प्रात:काल उठकर स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र धारण करें।
  2. भगवान सूर्य को जल अर्पित करें:
    फिर सूर्यदेव को जल अर्पित करें ताकि आपके जीवन में ऊर्जा और सकारात्मकता बनी रहे।
  3. मंदिर की शुद्धि:
    इसके बाद, अगर आप मंदिर में पूजा कर रहे हैं तो उसे गंगाजल से शुद्ध करें।
  4. शिव पूजा की शुरुआत:
    अब भगवान शिव की पूजा शुरू करें और उन्हें कच्चा दूध, बेलपत्र, गंगाजल, धतूरा, भांग, धूप-दीप, फल, फूल, और मिठाई अर्पित करें।
  5. दीपक और चालीसा:
    शिवजी के सामने घी का दीपक जलाएं और शिव चालीसा का पाठ करें।
  6. मंत्र जाप:
    साथ ही, शिवजी के मंत्रों का जप भी करें।
  7. प्रसाद वितरण:
    अंत में, भगवान शिव को प्रसाद का भोग लगाएं और अन्य लोगों में भी इसे वितरित करें।
  8. माता पार्वती की पूजा:
    इस दिन माता पार्वती की पूजा भी अवश्य करनी चाहिए, क्योंकि भगवान शिव और माता पार्वती दोनों की पूजा से जीवन में सुख और समृद्धि आती है।

मासिक शिवरात्रि का महत्व

मासिक शिवरात्रि का व्रत भक्तों के लिए बहुत लाभकारी होता है। इस दिन भगवान शिव की पूजा से उनकी सभी मनोकामनाओं की पूर्ति होती है।

  • वैवाहिक जीवन में सुख:
    अगर किसी का विवाह नहीं हो पा रहा है या वैवाहिक जीवन में समस्याएं आ रही हैं, तो मासिक शिवरात्रि का व्रत रखने से इन समस्याओं का समाधान हो सकता है।
  • आध्यात्मिक उन्नति:
    जो लोग आध्यात्मिक पथ पर अग्रसर हैं, वे भी इस दिन का व्रत करके अपनी आध्यात्मिक उन्नति कर सकते हैं। शिवरात्रि का व्रत उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव लाता है।
  • भगवान शिव की कृपा:
    मासिक शिवरात्रि का व्रत करने से भगवान शिव की विशेष कृपा प्राप्त होती है, जो जीवन को खुशहाल और शांतिपूर्ण बनाती है।

साल 2024 की आखिरी मासिक शिवरात्रि 29 दिसंबर को है, और यह दिन भगवान शिव के आशीर्वाद से जीवन में सुख, समृद्धि और शांति पाने का बेहतरीन अवसर है। इस दिन पूजा का सही मुहूर्त और विधि को जानकर श्रद्धापूर्वक व्रत रखें और नए साल में भगवान शिव के आशीर्वाद से अपने जीवन की शुरुआत करें।

हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़ें

ताज़ा खबरों और अपडेट्स के लिए अभी हमारे WhatsApp ग्रुप का हिस्सा बनें!

Join WhatsApp Group

आपकी राय, हमारी शक्ति!
इस खबर पर आपकी प्रतिक्रिया साझा करें


[web_stories title="false" view="grid", circle_size="20", number_of_stories= "7"]