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Politics / छात्रों की आवाज बने राहुल गांधी, छात्रों पर बर्बरता लोकतंत्र पर हमला : विदित चौधरी

हिमांचलनाउ डेस्क नाहन II • 1 Hour Ago • 1 Min Read

Politics : कांग्रेस नेताओं ने नाहन में आयोजित पत्रकार वार्ता में छात्रों से जुड़े मुद्दों, पेपर लीक और भर्ती घोटालों को प्रमुखता से उठाते हुए केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल खड़े किए। इस दौरान छात्रों की मांगों, शिक्षा व्यवस्था, रोजगार और लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़े विषयों पर विस्तार से अपनी बात रखी गई। कांग्रेस ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक आधार पर इस्तीफे की मांग करते हुए छात्रों के समर्थन में आंदोलन जारी रखने की बात कही।

नाहन

अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के राष्ट्रीय महासचिव एवं हिमाचल प्रदेश प्रभारी विदित चौधरी ने कहा कि देश में छात्रों की आवाज को दबाने का प्रयास किया जा रहा है, जबकि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी लगातार युवाओं और छात्रों के अधिकारों की लड़ाई लड़ रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार छात्रों के लोकतांत्रिक अधिकारों का सम्मान करने के बजाय दमनकारी रवैया अपना रही है।नाहन सर्किट हाउस में आयोजित पत्रकार वार्ता से पहले विदित चौधरी, भोरंज के विधायक सुरेश कुमार, नाहन के विधायक अजय सोलंकी तथा जिला कांग्रेस अध्यक्ष आनंद परमार ने पीजी कॉलेज नाहन में आयोजित छात्र संवाद कार्यक्रम में भाग लिया। इस दौरान उन्होंने विद्यार्थियों की समस्याएं सुनीं और शिक्षा व्यवस्था, प्रतियोगी परीक्षाओं तथा रोजगार से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की।

पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए भोरंज के विधायक सुरेश कुमार ने कहा कि राहुल गांधी पिछले लंबे समय से देशभर के छात्रों के साथ सीधा संवाद कर रहे हैं। कोटा, देहरादून और बिहार सहित विभिन्न राज्यों में आयोजित कार्यक्रमों के माध्यम से उन्होंने शिक्षा व्यवस्था में सुधार, पेपर लीक, भर्ती घोटालों और युवाओं के भविष्य से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाया है। उन्होंने कहा कि जब देशभर में यह सवाल खड़ा हुआ कि “छात्रों की आवाज कौन बनेगा?”, तब राहुल गांधी उनके साथ मजबूती से खड़े हुए।

सुरेश कुमार ने आरोप लगाया कि पिछले दस वर्षों में 152 से अधिक पेपर लीक की घटनाएं सामने आई हैं। चाहे आईएएस जैसी प्रतिष्ठित परीक्षा हो या अन्य प्रतियोगी परीक्षाएं, युवाओं के भविष्य के साथ लगातार खिलवाड़ हुआ है। उन्होंने दावा किया कि हाल के पेपर लीक मामलों में 21 अभ्यर्थियों की जान गई, जबकि पिछले दस वर्षों में ऐसे मामलों से जुड़े 750 से अधिक युवाओं की मौत हुई है। उन्होंने कहा कि यह केवल आंकड़े नहीं बल्कि केंद्र सरकार की विफल शिक्षा और भर्ती व्यवस्था का प्रमाण हैं।

उन्होंने कहा कि छात्र पिछले करीब डेढ़ महीने से जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण तरीके से अपनी तीन प्रमुख मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे। उनकी मांग थी कि पेपर लीक और भर्ती घोटालों पर स्थायी रोक लगे, दोषियों को कड़ी सजा मिले तथा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा दें। लेकिन सरकार ने उनकी मांगों पर संवाद करने के बजाय दमन का रास्ता चुना।विदित चौधरी ने आरोप लगाया कि जब छात्र अपनी मांगों को लेकर संसद के बाहर पहुंचे तो उनसे बातचीत करने के बजाय उन पर बर्बरतापूर्वक लाठीचार्ज किया गया। उन्होंने दावा किया कि इस कार्रवाई में करीब 200 छात्र घायल होकर अस्पताल पहुंचे, जबकि छात्राओं के साथ भी अभद्र व्यवहार किया गया। उन्होंने कहा कि यह दृश्य पूरे देश के लोकतंत्र को शर्मसार करने वाला है।

उन्होंने केंद्र सरकार के उस दावे पर भी सवाल उठाया कि पुलिस ने लाठीचार्ज नहीं किया। विदित चौधरी ने कहा, “यदि पुलिस ने लाठीचार्ज नहीं किया तो फिर सादे कपड़ों में दिल्ली पुलिस जैसी लाठियां लेकर छात्रों पर हमला करने वाले लोग कौन थे? जिन डंडों से छात्रों को पीटा गया, उनके बारे में भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। सरकार बताए कि ये लोग कौन थे और किसके इशारे पर छात्रों पर बर्बरता की गई?”उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी ने संसद में छात्रों के मुद्दे पर चर्चा कराने की कोशिश की, लेकिन विपक्ष की आवाज को दबा दिया गया। उन्होंने कहा कि आज किसान, महिला, खिलाड़ी या छात्र—जो भी अपने अधिकारों की बात करता है, उसे डराने और चुप कराने का प्रयास किया जा रहा है।

विदित चौधरी ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए तत्काल इस्तीफा देने की मांग की। उन्होंने कहा कि भारतीय लोकतंत्र में पहले भी कई नेताओं ने नैतिक आधार पर पद छोड़े हैं, लेकिन वर्तमान सरकार जवाबदेही से भाग रही है।उन्होंने केंद्र सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि छात्रों की मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, पेपर लीक और भर्ती घोटालों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई तथा दोषियों को सजा नहीं मिली, तो कांग्रेस इस आंदोलन को और तेज करेगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का एक-एक कार्यकर्ता छात्रों के साथ मजबूती से खड़ा है और उनकी लड़ाई अब सड़क से लेकर संसद तक पूरी ताकत के साथ जारी रहेगी।पत्रकार वार्ता में नाहन के विधायक अजय सोलंकी, जिला कांग्रेस अध्यक्ष आनंद परमार, जिला सिरमौर कांग्रेस प्रभारी धर्मेंद्र धामी सहित कांग्रेस के अनेक पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

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