श्रावण अष्टमी मेले 13 अगस्त से, 24 घंटे खुला रहेगा चिंतपूर्णी मंदिर
हिमाचल प्रदेश के पांच शक्तिपीठों में 13 से 21 अगस्त तक श्रावण अष्टमी मेले आयोजित किए जाएंगे। इस दौरान ब्रजेश्वरी देवी, ज्वालामुखी, नयनादेवी, चामुंडा देवी और छिन्नमस्तिका धाम चिंतपूर्णी में विशेष पूजा-अर्चना तथा भोग के कार्यक्रम होंगे। चिंतपूर्णी मंदिर श्रद्धालुओं के लिए 24 घंटे खुला रहेगा, हालांकि सफाई, श्रृंगार और भोग के लिए निर्धारित समय पर मंदिर कुछ देर बंद किया जाएगा।
ऊना/अम्ब/वीरेंद्र बन्याल
श्रावण अष्टमी नवरात्र मेले के लिए शक्तिपीठों को रंग-बिरंगे फूलों से सजाया जा रहा है। चिंतपूर्णी मंदिर की बिरादरी सभा के प्रधान रविंद्र छिंदा ने बताया कि नवरात्र के दौरान श्रद्धालुओं के लिए मंदिर 24 घंटे खुला रहेगा। सफाई के लिए रात 11 से 12 बजे तक मंदिर बंद किया जाएगा। सुबह चार बजे मां के स्नान के बाद श्रृंगार, आरती और भोग होगा। दोपहर 12 से साढ़े 12 बजे तक भी मंदिर बंद रहेगा, जबकि सुबह सात से नौ बजे तक प्रदेश की सुख-शांति के लिए हवन यज्ञ किया जाएगा।
नयनादेवी और ज्वालामुखी में पूजा का समय
नयनादेवी मंदिर नवरात्र के दौरान रात 12 से दो बजे तक बंद रहेगा। इस अवधि में मां के स्नान और श्रृंगार के बाद एक साथ चार आरतियां की जाएंगी। पुजारी तरुणेश शर्मा के अनुसार, दोपहर 12 से साढ़े 12 बजे तक और शाम के समय विशेष भोग लगाया जाएगा। मंदिर सुबह पांच बजे खुलेगा और रात 10 बजे बंद होगा। ज्वालामुखी मंदिर में सुबह पांच बजे स्नान और श्रृंगार के बाद आरती होगी। दोपहर साढ़े 11 से साढ़े 12 बजे तक कांगड़ी धाम का भोग लगाया जाएगा।
ज्वालामुखी मंदिर में रात साढ़े नौ से 10 बजे तक शयन आरती होगी। सातवीं, अष्टमी और नवमी के दिन मंदिर श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए पूरी रात खुला रहेगा। श्रावण अष्टमी नवरात्र के दौरान अलग-अलग शक्तिपीठों में मां के स्नान, श्रृंगार, आरती और भोग के लिए अलग समय निर्धारित किया गया है। आयोजन अवधि में श्रद्धालु संबंधित मंदिरों के तय समय के अनुसार दर्शन कर सकेंगे।
चामुंडा और ब्रजेश्वरी देवी मंदिर की समयसारिणी
चामुंडा देवी मंदिर के पुजारी ओम व्यास ने बताया कि श्रावण अष्टमी नवरात्र में मंदिर सुबह पांच बजे खुलेगा और रात 10 बजे बंद होगा। सुबह पांच बजे स्नान के बाद मां का श्रृंगार और आठ बजे आरती होगी। दोपहर 12 बजे दाल, चावल और सब्जी का भोग लगाया जाएगा। शाम सवा आठ बजे आरती और रात 10 बजे शयन आरती होगी। ब्रजेश्वरी देवी मंदिर नवरात्र के दौरान सुबह चार से रात नौ बजे तक खुला रहेगा। यहां दोपहर 12 बजे चावल, दाल और सब्जी का भोग लगाया जाएगा।