HNN / हमीरपुर
जेओए आईटी परीक्षा का पेपर लीक करने के मामले में नामजद सभी छह आरोपियों को बुधवार को एसआईटी ने न्यायालय में पेश किया। जहां से दो मुख्य आरोपियों उमा आजाद और दलाल के रूप में काम करने वाले कोचिंग संस्थान संचालक संजीव कुमार को 31 दिसंबर तक पुलिस की रिमांड पर भेज दिया गया। अब एसआईटी मुख्य आरोपियों से अन्य परीक्षाओं के मामले में भी पूछताछ करेगी। तो वही , चार अन्य आरोपियों को अदालत ने 10 जनवरी तक चौदह दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा है।
यह है पूरा मामला
25 दिसंबर को पोस्ट कोड 965 जेओए आईटी की भर्ती परीक्षा प्रस्तावित थी। आयोग ने इस परीक्षा के लिए एक लाख तीन हजार अभ्यर्थियों को एडमिट कार्ड जारी किए थे। प्रदेश के सभी 12 जिलों समेत 41 उपमंडलों पर 476 परीक्षा केंद्र स्थापित किए थे। लेकिन, चयन आयोग की गोपनीय शाखा में वरिष्ठ सहायक उमा आजाद ने ढाई-ढाई लाख रुपये में सौदा कर भर्ती परीक्षा का प्रश्नपत्र लीक कर दिया।
एक अभ्यर्थी ने 23 दिसंबर को हमीरपुर विजिलेंस थाने में इसकी शिकायत की। इसके बाद विजिलेंस टीम ने जाल बिछाकर इस गोरखधंधे का पर्दाफाश किया। विजिलेंस टीम ने हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी स्थित वरिष्ठ सहायक उमा आजाद के घर पर दबिश देकर महिला कर्मचारी, उसके बेटे निखिल आजाद, घर पर काम करने वाले नौकर नीरज कुमार, दलाल संजीव कुमार और दो अभ्यर्थियों तनु शर्मा और अजय शर्मा को जेओए आईटी का पेपर लीक करने के मामले में गिरफ्तार किया है।

