ट्रिपल आईटी ऊना में ‘साइबर सुरक्षा और भारत का भविष्य’ विषय पर विशेषज्ञ संवाद सत्र आयोजित
ऊना/वीरेंद्र बन्याल
आईआईटी कानपुर के प्रो. संदीप शुक्ला ने साझा की विशेषज्ञता, छात्रों और शोधकर्ताओं ने लिया भाग
ट्रिपल आईटी ऊना में साइबर सुरक्षा पर हुई गहन चर्चा
भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (ट्रिपल आईटी) ऊना में “साइबर सुरक्षा और भारत में इसका भविष्य” विषय पर एक विशेषज्ञ वार्ता और संवाद सत्र का आयोजन किया गया। इस सत्र में हाल की सुरक्षा घटनाएं, उन्नत साइबर सुरक्षा उपाय और महत्वपूर्ण संरचनाओं पर बढ़ते खतरों को लेकर गहन विमर्श हुआ।
प्रो. संदीप शुक्ला ने किया सत्र का नेतृत्व
कार्यक्रम का नेतृत्व आईआईटी कानपुर के प्रो. संदीप शुक्ला ने किया, जो साइबर सुरक्षा क्षेत्र में एक अंतरराष्ट्रीय स्तर के विशेषज्ञ हैं। वे राष्ट्रीय विषय केंद्र (C3i Center) और C3i हब के संस्थापक हैं, जो साइबर रक्षा तकनीकों और क्रिटिकल इंफ्रास्ट्रक्चर की सुरक्षा पर केंद्रित कार्य कर रहा है। उनके शोध का मुख्य क्षेत्र ब्लॉकचेन, नेटवर्क व हार्डवेयर सुरक्षा और एआई आधारित साइबर डिफेंस सिस्टम हैं।
सत्र में छात्रों व शोधकर्ताओं की भागीदारी
इस सत्र में संस्थान के संकाय सदस्यों, शोधकर्ताओं और साइबर सुरक्षा से जुड़े छात्रों ने सक्रिय भागीदारी की। सत्र के दौरान भारत में साइबर सुरक्षा के भविष्य, जोखिम आकलन उपकरणों और शैक्षणिक व औद्योगिक क्षेत्र के बीच सहयोग जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई।
निदेशक ने कौशल विकास और रणनीतियों पर दिया जोर
ट्रिपल आईटी ऊना के निदेशक प्रो. मनीष गौड़ ने इस क्षेत्र में कौशल निर्माण की आवश्यकता को रेखांकित करते हुए कहा कि सामाजिक इंजीनियरिंग जैसे खतरों से निपटने और अगली पीढ़ी की सुरक्षा तकनीकों के विकास के लिए इंटर-डिसिप्लिनरी अनुसंधान और राष्ट्रीय रणनीति को अपनाना जरूरी है। उन्होंने साइबर सुरक्षा को भारत की डिजिटल प्रगति के लिए अनिवार्य बताया।