27 हजार से ज्यादा सालिक्स पौधे लगाए, पर्यावरण संरक्षण में समुदाय की भागीदारी बनी मिसाल
चंबा
वन विभाग ने ‘मिट्टी बचाओ’ के लिए शुरू किया अभिनव प्रयास
डलहौजी वन मंडल द्वारा ‘सालिक्स फॉर सॉयल’ अभियान पिछले तीन वर्षों से मिट्टी कटाव को रोकने की दिशा में सफलतापूर्वक कार्य कर रहा है। डीएफओ रजनीश महाजन ने बताया कि यह पहल मिट्टी की क्षरण समस्या को दूर करने के साथ-साथ स्थानीय समुदाय की भागीदारी से बिना किसी अतिरिक्त लागत के संचालित की जा रही है। इस अभियान में अब तक 27,000 से अधिक सालिक्स पौधे लगाए जा चुके हैं।
मिट्टी संरक्षण की दिशा में ठोस कदम
मिट्टी का क्षरण पहाड़ी क्षेत्रों में एक गंभीर समस्या है। भारी बारिश और मानव हस्तक्षेप से यह परत तेजी से नष्ट हो रही है। डलहौजी वन मंडल ने इस चुनौती का समाधान खोजते हुए सालिक्स पौधे का प्रयोग शुरू किया, जिसे स्थानीय तौर पर ‘बदाह’ या ‘ब्यूइन्स’ कहा जाता है। यह पौधा नमी सोखने की क्षमता रखता है और अपनी मजबूत जड़ों से मिट्टी को स्थिर बनाए रखता है।
कम लागत, ज्यादा प्रभाव वाला मॉडल
अभियान के तहत वर्ष 2023 में 12,500, वर्ष 2024 में 1,000 और 2025 में 24 जून से 15 अगस्त तक 13,545 सालिक्स पौधे लगाए जा चुके हैं। यह कार्य बिना किसी सरकारी खर्च के, स्थानीय लोगों के सहयोग से पूरा किया गया। चार फीट लंबी टहनियों को तीन दिन पानी में रखने के बाद नालों के किनारे रोपा जाता है, जिससे वे जड़ें विकसित कर मिट्टी को थामने में सहायक बनती हैं।
जलवायु परिवर्तन से निपटने में मिल रही सफलता
‘सालिक्स फॉर सॉयल’ केवल एक वृक्षारोपण अभियान नहीं, बल्कि सामुदायिक सहभागिता का एक आदर्श उदाहरण बन गया है। यह पहल मिट्टी संरक्षण के साथ जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों से निपटने, भूस्खलन रोकने और पारिस्थितिकी संतुलन को बनाए रखने की दिशा में एक मजबूत कदम है। वन विभाग की यह कोशिश भविष्य के लिए एक प्रेरणास्रोत बन रही है।

