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धौलाकुआं अनाज मंडी बंद करने का फैसला किसान एवं जनविरोधी : डॉ. राजीव बिंदल

Shailesh Saini • 42 Mins Ago • 1 Min Read

मंडी बंद होने से नाहन-पांवटा साहिब के किसानों के सामने फसल बेचने का संकट, मुख्यमंत्री से फैसला वापस लेने की मांग

हिमाचल नाऊ न्यूज नाहन

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने सिरमौर जिले के धौलाकुआं में भाजपा सरकार के समय शुरू की गई अनाज मंडी को बंद करने के कगार पर पहुंचाने के प्रदेश कांग्रेस सरकार के फैसले को किसान एवं जनविरोधी करार दिया है।

उन्होंने कहा कि यह अत्यंत दुखद है कि प्रदेश में एक के बाद एक जनहितैषी सरकारी संस्थानों को बंद करने की दिशा में कदम उठाए जा रहे हैं।डॉ. बिंदल ने कहा कि लंबे प्रयासों के बाद धौलाकुआं में अनाज मंडी शुरू की गई थी। भाजपा के गंभीर प्रयासों के बाद नाहन और पांवटा साहिब विधानसभा क्षेत्रों के किसानों की सुविधा के लिए यह मंडी स्थापित हुई थी।

इससे क्षेत्र के किसानों को अपनी फसल बेचने के लिए हरियाणा की मंडियों पर निर्भर नहीं रहना पड़ता था।उन्होंने कहा कि अनेक वर्षों तक किसान धान और गेहूं बेचने के लिए हरियाणा की मंडियों में जाने को मजबूर रहे, जहां उन्हें भुगतान के लिए लंबे समय तक इंतजार करना पड़ता था।

इसके विपरीत धौलाकुआं अनाज मंडी में किसानों को फसल बेचने के 24 से 48 घंटे के भीतर भुगतान मिल जाता था। ऐसे में मंडी का बंद होना क्षेत्र के किसानों के लिए बड़ी परेशानी खड़ी कर सकता है।

डॉ. बिंदल ने आरोप लगाया कि कृषि विभाग की ओर से अधिसूचना जारी कर धौलाकुआं में मंडी संचालन को रोकने की दिशा में कदम उठाया गया है। उन्होंने कहा कि जिस स्थान पर किसानों के अनाज की खरीद-फरोख्त होती थी, वहां ट्रैक्टर चलाकर फसल की बिजाई तक कर दी गई है।

उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर ऐसी सरकार कैसे किसानों के हितों की बात कर सकती है, जो किसानों के लिए स्थापित मंडी को ही बंद करने की दिशा में आगे बढ़ रही है।उन्होंने कहा कि पिछले चार वर्षों में मंडी का अपेक्षित विस्तार भी नहीं किया गया।

मंडी में पक्का फड़, शेड और अन्य जरूरी सुविधाएं विकसित होनी चाहिए थीं, ताकि बरसात और खराब मौसम के दौरान किसानों की फसल सुरक्षित रह सके। मंडी का विस्तार कर इसे क्षेत्र के किसानों के लिए और सुविधाजनक बनाया जाना चाहिए था, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। अब किसानों के सामने सबसे बड़ा सवाल यह है कि आगामी फसल तैयार होने पर वे अपना धान और गेहूं कहां बेचेंगे।

डॉ. राजीव बिंदल ने कहा कि धौलाकुआं अनाज मंडी केवल एक खरीद केंद्र नहीं, बल्कि नाहन और पांवटा साहिब क्षेत्र के किसानों के लिए महत्वपूर्ण सुविधा है। इसे बंद करने से किसानों को दोबारा दूर की मंडियों का रुख करना पड़ेगा और परिवहन सहित अन्य खर्च भी बढ़ेंगे।

उन्होंने प्रदेश के मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि किसान हितों को ध्यान में रखते हुए धौलाकुआं अनाज मंडी को बंद करने का फैसला तत्काल वापस लिया जाए और मंडी का विस्तार करते हुए यहां किसानों के लिए आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।

वहीं स्थानीय विधायक अजय सोलंकी से भी कई बार संपर्क किया गया मगर उनका मोबाइल का स्विच स्विच ऑफ ही रहा

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