अंदरौली में पर्यटन विस्तार की तैयारी, गोविंद सागर झील क्षेत्र के विकास को उपायुक्त के निर्देश
उपायुक्त ऊना जतिन लाल ने शनिवार को अंदरौली स्थित गोविंद सागर झील क्षेत्र का निरीक्षण कर पर्यटन और वाटर स्पोर्ट्स गतिविधियों के विस्तार की संभावनाएं देखीं। उन्होंने प्रस्तावित गतिविधियों तथा जरूरी अधोसंरचना की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को क्षेत्र में पर्यटन सुविधाओं के विकास से जुड़े कार्य प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाने के निर्देश दिए।
ऊना/वीरेंद्र बन्याल
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने एशियन विकास बैंक और टूरिज्म बोर्ड के अधिकारियों के साथ अंदरौली में पर्यटन तथा वाटर स्पोर्ट्स गतिविधियां विकसित करने से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण इस क्षेत्र में उपलब्ध संभावनाओं का बेहतर उपयोग सुनिश्चित किया जाए। इसके लिए आवश्यक अधोसंरचना और सुविधाओं के विकास से संबंधित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जाए।
वाटर स्पोर्ट्स के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू
उपायुक्त ने बताया कि अंदरौली में वाटर स्पोर्ट्स और अन्य खेल गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए केटीडीएस ने टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी है। उन्होंने कहा कि इन गतिविधियों के विकसित होने से क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। इसके साथ ही स्थानीय स्तर पर रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर सृजित होने की संभावना है। उन्होंने अधिकारियों को साहसिक पर्यटन के विस्तार के लिए क्षेत्र में पैरामोटरिंग साइट चिह्नित करने के निर्देश भी दिए।
एथनोबोटैनिकल पार्क के रखरखाव पर जोर
इसके बाद उपायुक्त ने अंदरौली में स्थापित एथनोबोटैनिकल पार्क का निरीक्षण किया। उन्होंने पार्क में मरम्मत, रखरखाव और अन्य आवश्यक कार्य करवाने के लिए डीएफओ ऊना को दिशा-निर्देश दिए। उपायुक्त ने कहा कि पार्क को बेहतर स्वरूप देने से पर्यटकों को आकर्षित करने में मदद मिलेगी। इसके माध्यम से क्षेत्र में आने वाले लोगों को स्थानीय जैव विविधता और पारंपरिक वनस्पतियों से परिचित करवाया जा सकेगा।
उपायुक्त ने कहा कि अंदरौली में पर्यटन, वाटर स्पोर्ट्स, साहसिक गतिविधियों और प्राकृतिक आकर्षणों को एक साथ विकसित कर इसे प्रमुख पर्यटन केंद्र के रूप में उभारने की व्यापक संभावनाएं हैं। उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करते हुए क्षेत्र के समग्र पर्यटन विकास पर विशेष ध्यान देने को कहा। निरीक्षण के दौरान डीएफओ विकल्प यादव, जिला पर्यटन अधिकारी रवि धीमान, तहसीलदार अमित कुमार, बीडीओ के.एल. वर्मा और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।