कांगड़ा जिले के नड्डी में 4.3 किलोमीटर लंबी एशिया की सबसे बड़ी जिपलाइन परियोजना विकसित की जाएगी। 7.41 करोड़ रुपये की इस योजना से साहसिक पर्यटन और स्थानीय रोजगार को बड़ा प्रोत्साहन मिलेगा।
कांगड़ा/धर्मशाला
धौलाधार घाटी में ऐतिहासिक पहल
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू के नेतृत्व में राज्य सरकार ने कांगड़ा जिले को साहसिक पर्यटन का प्रमुख केंद्र बनाने की दिशा में बड़ा निर्णय लिया है। नड्डी में 4.3 किलोमीटर लंबी जिपलाइन परियोजना को एशिया की सबसे लंबी जिपलाइन के रूप में विकसित किया जाएगा।
चार स्टेशनों से जुड़ेगा रोमांचक सफर
इस महत्वाकांक्षी परियोजना की अनुमानित लागत 7.41 करोड़ रुपये है और इसे 36 माह में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। जिपलाइन के चार स्टेशन होंगे—गल्लू (प्रारंभिक बिंदु), बल गांव, नड्डी और मैगी प्वाइंट खड्ड (समापन बिंदु)। यह रोमांचक सफर पर्यटकों को धौलाधार पर्वतमाला के विहंगम दृश्यों का अद्भुत अनुभव कराएगा।
नड्डी व्यू प्वाइंट बनेगा एडवेंचर हब
धर्मशाला का नड्डी व्यू प्वाइंट पहले से ही प्राकृतिक सुंदरता के लिए प्रसिद्ध है। परियोजना पूर्ण होने पर यहां पर्यटन अवसंरचना को मजबूती मिलेगी, साहसिक गतिविधियों के शौकीन पर्यटक आकर्षित होंगे और स्थानीय युवाओं के लिए नए रोजगार अवसर सृजित होंगे।
पर्यटन राजधानी की दिशा में कदम
मुख्यमंत्री ने कहा कि कांगड़ा को ‘पर्यटन राजधानी’ का दर्जा दिया गया है और सतत पर्यटन विकास के लिए विभिन्न पहलें लागू की जा रही हैं। यह जिपलाइन परियोजना क्षेत्र के समग्र आर्थिक विकास में मील का पत्थर साबित होगी।










