हरौली उपमंडल में केंद्र और राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी योजना – बल्क ड्रग पार्क, जल्द ही पर्यावरण मंत्रालय से मंजूरी प्राप्त करने वाली है। इस परियोजना का उद्देश्य क्षेत्र में औद्योगिक विकास को बढ़ावा देना और दवाओं के उत्पादन के लिए आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराना है। उद्योग विभाग के निदेशक यूस ने बल्क ड्रग पार्क की निर्माण योजना के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी साझा की।
नियंत्रण और आधारभूत संरचना का विकास
उद्योग विभाग के निदेशक यूस ने बताया कि बल्क ड्रग पार्क के निर्माण के लिए आधारभूत संरचना तैयार की जा रही है। इसमें बिजली, पानी, सड़क जैसी सुविधाओं का प्रबंध किया जा रहा है। प्रदेश सरकार इन सभी आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए तत्पर है। यूस ने यह भी आशा व्यक्त की कि मार्च से अप्रैल तक इन बुनियादी सुविधाओं का काम पूरा हो जाएगा।
प्रथम और द्वितीय चरण की योजना
बल्क ड्रग पार्क के निर्माण के लिए कार्य दो चरणों में किया जाएगा। पहले चरण में, बुनियादी सुविधाओं का काम पूरा किया जाएगा। इसके बाद, दूसरे चरण में, मुख्य निर्माण कार्य फरवरी से शुरू हो जाएगा। यूस ने कहा कि प्रशासनिक विंग और अन्य संबंधित एजेंसियों को इस कार्य में तेजी लाने के निर्देश दे दिए गए हैं।
सम्पूर्ण योजना की तैयारी
इस परियोजना के लिए कई एजेंसियां काम कर रही हैं, जिनमें एचपीएसआईडीसी, पीडब्ल्यूडी, जल शक्ति विभाग, और एचपीएससीबीएल जैसी प्रमुख संस्थाएं शामिल हैं। यूस ने कहा कि इन सभी एजेंसियों और प्रशासनिक विंग के साथ मिलकर बल्क ड्रग पार्क का निर्माण कार्य सुचारू रूप से सुनिश्चित किया जाएगा।
उम्मीद और भविष्य की दिशा
उद्योग विभाग के अतिरिक्त निदेशक तिलक राज शर्मा और अन्य अधिकारी भी इस निरीक्षण के दौरान मौजूद रहे। अधिकारियों ने बल्क ड्रग पार्क के सफल निर्माण के लिए संकल्प लिया है, जिससे क्षेत्र में आर्थिक विकास को बढ़ावा मिलेगा और रोजगार के अवसरों में वृद्धि होगी।
इस परियोजना की सफलता से हिमाचल प्रदेश के औद्योगिक परिदृश्य में एक नया अध्याय जुड़ने की उम्मीद जताई जा रही है।










