चौकीमन्यार महाविद्यालय को दशक बाद भी स्थायी भवन नहीं, चार कमरों में पढ़ रहे 106 विद्यार्थी
वर्ष 2016 में शुरू हुआ राजकीय महाविद्यालय चौकीमन्यार करीब एक दशक बाद भी स्थायी भवन से वंचित है। महाविद्यालय के 106 विद्यार्थी चार कमरों में पढ़ाई कर रहे हैं, जबकि हिंदी, अर्थशास्त्र और वाणिज्य विषयों में शिक्षकों के पद रिक्त बताए गए हैं। स्वामी विवेकानंद सेवा ट्रस्ट चिंतपूर्णी के अध्यक्ष गौरव कुमार ने प्रदेश सरकार से भवन निर्माण की स्थिति सार्वजनिक करने और रिक्त पदों को शीघ्र भरने की मांग की है।
ऊना/वीरेंद्र बन्याल
चिंतपूर्णी विधानसभा क्षेत्र और उप तहसील जोल के अंतर्गत आने वाले इस महाविद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था को लेकर गौरव कुमार ने प्रदेश सरकार तथा स्थानीय जनप्रतिनिधियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि विद्यार्थियों के लिए पर्याप्त कक्षाएं उपलब्ध नहीं हैं और कई महत्वपूर्ण विषयों के शिक्षक पद लंबे समय से खाली हैं। उन्होंने इसे केवल भवन की कमी नहीं, बल्कि क्षेत्र में उपलब्ध उच्च शिक्षा व्यवस्था से जुड़ी गंभीर समस्या बताया है।
तीन विषयों में शिक्षक पद रिक्त
गौरव कुमार के अनुसार महाविद्यालय में हिंदी प्रवक्ता का पद करीब पांच वर्षों से और अर्थशास्त्र विषय का पद वर्ष 2018 से रिक्त है। वाणिज्य विषय के शिक्षक का पद भी करीब छह महीने से खाली बताया गया है। उन्होंने कहा कि शिक्षकों की कमी का सीधा प्रभाव विद्यार्थियों की पढ़ाई पर पड़ रहा है और कुछ विषयों की पढ़ाई ऑनलाइन माध्यम से करवाने की स्थिति बन रही है। इससे विद्यार्थियों को नियमित विषयवार शिक्षण नहीं मिल पा रहा है।
उन्होंने कहा कि चौकीमन्यार में महाविद्यालय खोलने का उद्देश्य क्षेत्र के विद्यार्थियों को घर के नजदीक सुलभ और बेहतर उच्च शिक्षा उपलब्ध कराना था। इसके बावजूद करीब दस वर्ष बाद भी विद्यार्थियों को पर्याप्त कक्षाओं, स्थायी भवन और नियमित शिक्षकों के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। गौरव कुमार ने कहा कि केवल घोषणाओं और आश्वासनों से शैक्षणिक व्यवस्था नहीं चल सकती तथा विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण और आवश्यक सुविधाएं मिलनी चाहिए।
भवन निर्माण की जानकारी सार्वजनिक करने की मांग
गौरव कुमार ने सरकार से महाविद्यालय के भवन निर्माण की वर्तमान स्थिति सार्वजनिक करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि अब तक हुए निर्माण कार्य, खर्च की गई राशि और भवन पूरा करने की निर्धारित समयसीमा की जानकारी विद्यार्थियों तथा क्षेत्र की जनता के सामने रखी जानी चाहिए। इसके साथ ही हिंदी, अर्थशास्त्र और वाणिज्य सहित सभी रिक्त शिक्षक पद तत्काल भरने की मांग की गई है, ताकि विद्यार्थियों की पढ़ाई आगे प्रभावित न हो।
स्वामी विवेकानंद सेवा ट्रस्ट चिंतपूर्णी ने कहा है कि चौकीमन्यार महाविद्यालय के विद्यार्थियों को अब आश्वासन के बजाय तय समयसीमा के भीतर ठोस समाधान चाहिए। ट्रस्ट के अनुसार यदि स्थायी भवन, पर्याप्त कक्षाओं और शिक्षकों से जुड़ी समस्याओं का समयबद्ध समाधान नहीं हुआ तो इस मुद्दे को जनमंच पर उठाया जाएगा। इसके साथ ही संबंधित विभाग से जवाबदेही तय करने की मांग भी की जाएगी।