Loading...

Crime / मनीषा मित्तल हत्याकांड में क्राइम सीन रीक्रिएट, पुलिस मास्टरमाइंड की तलाश में जुटी

हिमांचलनाउ डेस्क नाहन II • 2 Hours Ago • 1 Min Read

Crime : शिमला में मनीषा मित्तल हत्याकांड की जांच के तहत पुलिस ने गिरफ्तार दोनों शूटरों को घटनास्थल पर ले जाकर क्राइम सीन रीक्रिएट किया और वारदात से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी जुटाई। पुलिस सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और आरोपियों से पूछताछ के आधार पर हत्या की साजिश, संभावित मास्टरमाइंड तथा मामले से जुड़े अन्य व्यक्तियों की भूमिका की जांच कर रही है।

शिमला

क्राइम सीन पर ले जाकर जुटाई गई घटनाक्रम की जानकारी

सरस्वती पैराडाइज इंटरनेशनल स्कूल संजौली (शनान) की संचालिका मनीषा मित्तल की हत्या के मामले में जांच को आगे बढ़ाते हुए शिमला पुलिस ने गिरफ्तार दोनों आरोपियों को घटनास्थल पर ले जाकर क्राइम सीन रीक्रिएट किया। इस दौरान पुलिस अधिकारियों ने वारदात से जुड़े प्रत्येक चरण की जानकारी जुटाने का प्रयास किया। आरोपियों से यह समझने की कोशिश की गई कि वे घटनास्थल तक किस मार्ग से पहुंचे, वारदात को किस प्रकार अंजाम दिया गया और घटना के बाद किस दिशा में निकले। पुलिस टीम ने मौके पर मौजूद परिस्थितियों और आरोपियों के बयानों का मिलान भी किया ताकि घटनाक्रम की सटीक श्रृंखला तैयार की जा सके।

सीसीटीवी और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच जारी

जांच एजेंसियां मामले में उपलब्ध सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल लोकेशन, कॉल डिटेल रिकॉर्ड और अन्य तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण कर रही हैं। पुलिस के अनुसार घटनास्थल और आसपास के क्षेत्रों से जुटाए गए डिजिटल साक्ष्यों का आरोपियों के बयानों के साथ मिलान किया जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक पूछताछ के दौरान आरोपियों द्वारा दी गई जानकारी का अलग-अलग स्तर पर सत्यापन किया जा रहा है ताकि जांच किसी एक बयान पर निर्भर न रहे। पुलिस का फोकस हत्या की योजना, संपर्क सूत्रों और संभावित साजिशकर्ताओं तक पहुंचने पर भी है।

हरियाणा से गिरफ्तार किए गए थे दोनों आरोपी

मामले में पुलिस ने आशीष अहलावत (22) निवासी ग्राम दुजाना, जिला झज्जर, हरियाणा और दीपक (25) निवासी सुनारिया खुर्द, जिला रोहतक, हरियाणा को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों को अदालत में पेश किए जाने के बाद सात दिन की पुलिस रिमांड मिली है। जांच अधिकारी रिमांड अवधि के दौरान आरोपियों से लगातार पूछताछ कर रहे हैं। पुलिस विभिन्न पहलुओं, जिनमें कॉन्ट्रैक्ट किलिंग, व्यक्तिगत विवाद और अन्य संभावित कारण शामिल हैं, पर समानांतर रूप से जांच कर रही है।

13 जून को हुई थी हत्या

यह मामला 13 जून का है, जब दो नकाबपोश हमलावरों ने सरस्वती पैराडाइज इंटरनेशनल स्कूल के बाहर मनीषा मित्तल पर गोलीबारी की थी, जिसमें उनकी मृत्यु हो गई थी। घटना के बाद दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए थे। पुलिस ने तत्काल हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की और आसपास के सीसीटीवी नेटवर्क, तकनीकी निगरानी तथा अन्य साक्ष्यों की मदद से आरोपियों की पहचान की। बाद में दोनों आरोपियों को हरियाणा के रोहतक क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया। घटना के बाद कुछ समय के लिए स्कूल का संचालन भी प्रभावित रहा।

पति डॉ. सुभाष यादव ने टिप्पणी करने से किया इन्कार

मामले में मनीषा मित्तल के पति डॉ. सुभाष यादव ने सार्वजनिक रूप से विस्तृत टिप्पणी करने से इन्कार किया है। उन्होंने केवल इतना कहा कि वह फिलहाल इस विषय पर कुछ नहीं कहना चाहते। उपलब्ध जानकारी के अनुसार दोनों अलग-अलग रह रहे थे और पारिवारिक मामलों से संबंधित कुछ कानूनी प्रक्रियाएं भी चल रही थीं। हालांकि पुलिस ने अभी तक जांच के संबंध में किसी विशेष पारिवारिक पहलू पर आधिकारिक टिप्पणी नहीं की है।

स्कूल सुरक्षा को लेकर अभिभावकों ने एसपी से की मुलाकात

घटना के बाद स्कूल में अध्ययनरत बच्चों की सुरक्षा को लेकर अभिभावकों ने पुलिस अधीक्षक शिमला गौरव सिंह से मुलाकात की। बैठक के दौरान अभिभावकों ने स्कूल परिसर और आसपास सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने की मांग रखी। उन्होंने स्कूल समय के दौरान पुलिस की उपस्थिति बढ़ाने तथा सुरक्षा संबंधी आवश्यक कदम उठाने का आग्रह किया ताकि विद्यार्थियों और अभिभावकों का विश्वास बना रहे।

स्कूल समय में पुलिस तैनाती का आश्वासन

स्कूल पेरेंट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष सोनू चंदेल ने बताया कि पुलिस प्रशासन ने अभिभावकों की चिंताओं को गंभीरता से सुना है। एसपी शिमला ने स्कूल समय के दौरान परिसर में पुलिस जवानों की तैनाती का आश्वासन दिया है। अभिभावकों का कहना है कि प्रशासन की ओर से मिले इस आश्वासन के बाद स्थिति सामान्य होने की उम्मीद है और बच्चे नियमित रूप से स्कूल आना शुरू करेंगे।

पुलिस ने जांच में प्रगति का किया दावा

एसएसपी गौरव सिंह ने कहा कि मामले की जांच सभी उपलब्ध साक्ष्यों और तथ्यों के आधार पर आगे बढ़ाई जा रही है। पुलिस टीम गिरफ्तार आरोपियों से लगातार पूछताछ कर रही है और तकनीकी तथा भौतिक साक्ष्यों का विश्लेषण किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि जांच का उद्देश्य केवल वारदात को अंजाम देने वालों तक सीमित नहीं है, बल्कि घटना की पूरी पृष्ठभूमि और इससे जुड़े सभी व्यक्तियों की भूमिका स्पष्ट करना भी है। पुलिस का कहना है कि जांच में प्राप्त तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

Related Topics: