FIR / जगत सिंह नेगी के खिलाफ प्रदर्शन के आरोपों के चलते 65 लोगों पर एफआईआर
FIR : मंडी जिले के थुनाग में मंत्री जगत सिंह नेगी के खिलाफ प्रदर्शन, रास्ता रोकने, पत्थरबाजी और जूता फेंकने के आरोपों के चलते भाजपा कार्यकर्ताओं सहित 65 लोगों के खिलाफ जंजैहली थाने में तीन एफआईआर दर्ज की गई हैं।
मंडी
थुनाग में विरोध प्रदर्शन के बाद दर्ज हुई एफआईआर
हिमाचल प्रदेश के मंडी जिला स्थित थुनाग में राज्य के राजस्व एवं बागवानी मंत्री जगत सिंह नेगी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं और अन्य प्रदर्शनकारियों पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। बागवानी एवं वानिकी महाविद्यालय के स्थानांतरण के मुद्दे पर भड़के प्रदर्शन में मंत्री का रास्ता रोकने, काले झंडे दिखाने, पत्थरबाजी और जूता फेंकने जैसे आरोप लगाए गए हैं। इस घटना को लेकर जंजैहली थाने में 25 जुलाई को कांग्रेस नेता जगदीश रेड्डी और वीरेंद्र कुमार की शिकायतों पर तीन एफआईआर दर्ज की गई हैं।
57 लोगों पर पहला मामला, महिलाओं पर तीसरी एफआईआर
पहली एफआईआर में 57 लोगों को आरोपी बनाया गया है, जिन पर मंत्री के काफिले को रोकने और काले झंडे दिखाने का आरोप है। दूसरी एफआईआर में पत्थरबाजी व धमकी देने का मामला दर्ज किया गया है, जिसे भारतीय न्याय संहिता की धारा 125, 351(2) और 352 के तहत दर्ज किया गया। वहीं तीसरी एफआईआर में सात महिलाओं को आरोपी बनाया गया है, जिन पर मंत्री की गाड़ी को रोकने, नारेबाजी और जूता फेंकने के आरोप लगाए गए हैं। सभी शिकायतों में पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
विरोध के पीछे राजनीतिक तनाव
बागवानी महाविद्यालय के स्थानांतरण को लेकर पहले से ही क्षेत्र में राजनीतिक तनाव है। भाजपा समर्थकों और स्थानीय लोगों द्वारा लगातार इसका विरोध किया जा रहा है। मंत्री नेगी जब थुनाग में बाढ़ व भूस्खलन प्रभावित क्षेत्रों का जायजा लेने आए थे, उसी दौरान विरोध प्रदर्शन हुआ।
मुख्यमंत्री सुक्खू ने बताया निंदनीय, कार्रवाई के संकेत
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने सोशल मीडिया पर कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने आपदा प्रभावित क्षेत्र में मंत्री के साथ जो व्यवहार किया वह बेहद निंदनीय है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने सुनियोजित साजिश के तहत विरोध कर लोकतांत्रिक मर्यादाओं का उल्लंघन किया और राहत कार्यों में बाधा पहुंचाई। मुख्यमंत्री ने चेतावनी दी कि ऐसे संवेदनहीन कृत्यों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
