हिमाचल में व्यावसायिक वाहनों के परमिट शुल्क संशोधन का प्रस्ताव, हर दो वर्ष बाद 10 फीसदी वृद्धि का प्रावधान
हिमाचल प्रदेश सरकार ने विभिन्न श्रेणियों के व्यावसायिक वाहनों के परमिट शुल्क में संशोधन का प्रस्ताव जारी किया है। परिवहन विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार बसों, टैक्सियों, ऑटो रिक्शा, मालवाहक वाहनों और अन्य व्यावसायिक वाहनों के परमिट जारी करने तथा नवीनीकरण शुल्क में बदलाव प्रस्तावित किया गया है। प्रस्तावित व्यवस्था के तहत शुल्क में प्रत्येक दो वर्ष बाद 10 प्रतिशत वृद्धि का प्रावधान भी रखा गया है।
शिमला
परिवहन विभाग ने जारी की अधिसूचना
हिमाचल प्रदेश में व्यावसायिक वाहनों के परमिट प्राप्त करना और उनका नवीनीकरण प्रस्तावित नई व्यवस्था के तहत महंगा हो सकता है। राज्य सरकार ने विभिन्न श्रेणियों के वाहनों के परमिट शुल्क में संशोधन संबंधी अधिसूचना जारी की है। अधिसूचना के अनुसार भविष्य में इन शुल्कों में प्रत्येक दो वर्ष बाद स्वतः 10 प्रतिशत की वृद्धि का प्रावधान रखा गया है। इसके लिए परिवहन विभाग को अलग से प्रस्ताव तैयार कर मंत्रिमंडल की मंजूरी लेने की आवश्यकता नहीं होगी।
विभिन्न वाहन श्रेणियों के लिए नई दरों का प्रस्ताव
अतिरिक्त मुख्य सचिव (परिवहन) आरडी नजीम द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार बसों, टैक्सियों, ऑटो रिक्शा, मालवाहक वाहनों, जीप तथा अन्य यात्री वाहनों के परमिट जारी करने और नवीनीकरण के लिए नई शुल्क दरें प्रस्तावित की गई हैं। विभाग ने प्रस्तावित संशोधनों पर आम जनता, परिवहन संचालकों, टैक्सी यूनियनों, बस ऑपरेटरों तथा अन्य हितधारकों से 30 दिनों के भीतर सुझाव और आपत्तियां मांगी हैं। प्राप्त सुझावों और आपत्तियों पर विचार के बाद नियमों को अंतिम रूप दिया जाएगा।
अंतिम निर्णय से पहले सुझावों और आपत्तियों पर होगा विचार
सूत्रों के अनुसार परिवहन विभाग ने अपने प्रस्ताव में न्यूनतम परमिट शुल्क एक हजार रुपये करने का सुझाव दिया था, लेकिन इसे मंजूरी नहीं मिली। प्रदेश में वाहन परमिट शुल्क में वर्ष 1999 के बाद पहली बार संशोधन प्रस्तावित किया गया है। यदि प्रस्तावित प्रावधान लागू होते हैं तो इसका प्रभाव परिवहन क्षेत्र से जुड़े विभिन्न वाहन संचालकों पर पड़ेगा। अंतिम निर्णय से पहले सरकार सभी पक्षों से प्राप्त सुझावों और आपत्तियों का परीक्षण करेगी।
प्रस्तावित नई परमिट शुल्क दरें
| वाहन का प्रकार | अस्थायी परमिट शुल्क (रु.) | नियमित परमिट शुल्क (रु.) |
|---|---|---|
| बसें | 750 | 1500 |
| मोटर कैब और ऑटो रिक्शा | 50 | 50 |
| मैक्सी कैब, एलएमवी मालवाहक | 100 | 200 |
| मध्यम और हैवी गुड्स वाहन | 100 | 100 |
| जीप और अन्य यात्री वाहन | 100 | 100 |
| स्टेज कैरिज व अन्य वाहन | 500 | 1000 |
विशेष परमिट शुल्क में भी संशोधन का प्रस्ताव
मोटर वाहन अधिनियम की धारा 88(8) के तहत जारी किए जाने वाले विशेष परमिटों के शुल्क में भी संशोधन का प्रस्ताव रखा गया है। प्रस्ताव के अनुसार अस्थायी विशेष परमिट के लिए 250 रुपये तथा नियमित विशेष परमिट के लिए 500 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है। इसके अतिरिक्त अन्य श्रेणियों में भी 20 रुपये से 50 रुपये तक शुल्क वृद्धि का प्रस्ताव किया गया है।