Loading...

वित्तीय आवश्यकताओं के बीच सरकार 700 करोड़ रुपये ऋण लेने की तैयारी में

हिमांचलनाउ डेस्क नाहन II • 9 Hours Ago • 1 Min Read

राज्य सरकार वित्तीय आवश्यकताओं और नियमित देनदारियों के प्रबंधन के लिए 700 करोड़ रुपये का ऋण लेने की प्रक्रिया आगे बढ़ा रही है। वित्त विभाग ने इससे संबंधित औपचारिकताएं पूरी कर ली हैं, जबकि सरकार को हर माह वेतन, पेंशन, ब्याज और अन्य वित्तीय दायित्वों के लिए बड़ी राशि की आवश्यकता रहती है।

शिमला

700 करोड़ रुपये ऋण लेने की तैयारी

हिमाचल प्रदेश सरकार 700 करोड़ रुपये का नया ऋण लेने की तैयारी कर रही है। वित्त विभाग की ओर से ऋण प्राप्त करने के लिए आवश्यक औपचारिकताएं पूरी कर ली गई हैं। इससे पहले मई माह में राज्य सरकार ने 500 करोड़ रुपये का ऋण लिया था। वित्तीय संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने और नियमित देनदारियों के भुगतान के लिए सरकार समय-समय पर बाजार से ऋण जुटाती रही है। अधिकारियों के अनुसार वर्तमान वित्तीय वर्ष में राजस्व और व्यय के बीच संतुलन बनाए रखने के लिए अतिरिक्त वित्तीय संसाधनों की आवश्यकता बनी हुई है।

मासिक वित्तीय दायित्वों पर रहेगा फोकस

राज्य सरकार को प्रत्येक माह वेतन, पेंशन, ब्याज भुगतान और अन्य वित्तीय दायित्वों के लिए लगभग 2,800 करोड़ रुपये की आवश्यकता रहती है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार करीब 2,000 करोड़ रुपये कर्मचारियों के वेतन, 800 करोड़ रुपये पेंशन भुगतान, लगभग 500 करोड़ रुपये पूर्व में लिए गए ऋणों के ब्याज तथा करीब 300 करोड़ रुपये ऋण के मूलधन की अदायगी पर खर्च होते हैं। इन नियमित भुगतानों के कारण सरकार को वित्तीय प्रबंधन के तहत अतिरिक्त संसाधनों की व्यवस्था करनी पड़ती है ताकि विभिन्न विभागों की वित्तीय आवश्यकताओं को समय पर पूरा किया जा सके।

राज्य पर एक लाख करोड़ रुपये से अधिक का ऋण

वित्तीय वर्ष 2026-27 के दौरान भी राज्य सरकार ऋण प्रबंधन की प्रक्रिया जारी रखे हुए है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार प्रदेश पर वर्तमान में 1,11,200 करोड़ रुपये से अधिक का कुल ऋण बकाया है। सरकार की ओर से विकास कार्यों, प्रशासनिक खर्चों और सामाजिक क्षेत्र की योजनाओं के लिए वित्तीय संसाधनों का प्रबंधन किया जा रहा है। वित्त विभाग विभिन्न स्रोतों से प्राप्त होने वाले राजस्व और व्यय की स्थिति की नियमित समीक्षा भी कर रहा है।

स्थगित वेतन का भी होगा भुगतान

जून माह में सरकार को कुछ श्रेणियों के कर्मचारियों और अधिकारियों के पूर्व में स्थगित किए गए वेतन का भुगतान भी करना है। 18 अप्रैल 2026 को अस्थायी रूप से स्थगित किए गए वेतन की राशि जून 2026 के वेतन के साथ जारी की जाएगी। इस संबंध में वित्त विभाग ने संबंधित विभागों और आहरण एवं संवितरण अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी कर दिए हैं। इससे संबंधित भुगतान का प्रावधान विभागीय स्तर पर सुनिश्चित किया जा रहा है।

वित्तीय प्रबंधन के लिए जारी हैं प्रक्रियाएं

सरकार का कहना है कि वित्तीय दायित्वों के समयबद्ध निपटारे और प्रशासनिक कार्यों के सुचारू संचालन के लिए आवश्यक वित्तीय संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है। ऋण प्रबंधन, राजस्व संग्रह और व्यय नियंत्रण से जुड़े विभिन्न उपायों पर कार्य किया जा रहा है। वित्त विभाग नियमित रूप से नकदी प्रवाह और देनदारियों की समीक्षा कर रहा है ताकि वेतन, पेंशन, ब्याज भुगतान और अन्य आवश्यक खर्चों का समय पर निपटारा किया जा सके।

Related Topics: