हिमाचल में अवैध मोडीफाइड साइलैंसर पर पुलिस सख्त, नियम उल्लंघन पर वाहन जब्ती की चेतावनी
Himachalnow / शिमला
हिमाचल प्रदेश पुलिस ने अवैध मोडीफाइड साइलैंसर लगाने वाले वाहन चालकों के खिलाफ विशेष अभियान चलाने की जानकारी दी है। विभाग ने कहा है कि नियमों का उल्लंघन करने पर चालान के साथ वाहन जब्त करने की कार्रवाई भी की जा सकती है।
शिमला
अवैध मोडीफाइड साइलैंसर को लेकर पुलिस विभाग ने जारी की चेतावनी
प्रदेश पुलिस विभाग ने दोपहिया वाहनों में लगाए जा रहे अवैध मोडीफाइड साइलैंसरों को लेकर सख्त चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार तेज आवाज करने वाले मोडीफाइड साइलैंसर मोटर वाहन अधिनियम के नियमों का उल्लंघन हैं और इससे सार्वजनिक स्थानों पर ध्वनि प्रदूषण भी बढ़ रहा है। पुलिस विभाग ने स्पष्ट किया है कि वाहनों में केवल कंपनी द्वारा स्वीकृत साइलैंसर का ही उपयोग किया जाना चाहिए। नियमों के विपरीत लगाए गए साइलैंसरों के खिलाफ विभिन्न जिलों में निगरानी और कार्रवाई की जा रही है।
तेज आवाज वाले साइलैंसरों से बढ़ रहा ध्वनि प्रदूषण
पुलिस विभाग के अनुसार हाल के समय में युवाओं के बीच बाइकों में तेज आवाज वाले साइलैंसर लगाने का चलन बढ़ा है। कई वाहन चालक अपने वाहनों में ऐसे साइलैंसर लगवा रहे हैं जिनसे अत्यधिक तेज आवाज निकलती है। विभाग का कहना है कि इससे सड़क किनारे रहने वाले लोगों, बुजुर्गों, बच्चों, मरीजों और राहगीरों को असुविधा होती है। खासकर देर रात रिहायशी क्षेत्रों में इस प्रकार की आवाजों के कारण लोगों की दिनचर्या प्रभावित होती है और सार्वजनिक स्थानों पर अनावश्यक ध्वनि प्रदूषण बढ़ता है।
नियम उल्लंघन करने वालों के खिलाफ विशेष अभियान
पुलिस विभाग ने बताया कि अवैध मोडीफाइड साइलैंसर लगाने वाले वाहन चालकों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। विभिन्न क्षेत्रों में पुलिस टीमें नियमित रूप से वाहनों की जांच कर रही हैं और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर चालान किए जा रहे हैं। विभाग के अनुसार आवश्यकता पड़ने पर संबंधित वाहन को जब्त करने की कार्रवाई भी की जा सकती है। पुलिस ने वाहन चालकों से यातायात नियमों का पालन करने और वाहनों में किसी भी प्रकार के अवैध संशोधन से बचने की अपील की है।
सड़क सुरक्षा को लेकर भी विभाग ने जताई अहम बात
पुलिस विभाग का कहना है कि अत्यधिक तेज आवाज वाले साइलैंसर सड़क सुरक्षा के दृष्टिकोण से भी उपयुक्त नहीं माने जाते। अचानक तेज आवाज निकलने से अन्य वाहन चालक असहज हो सकते हैं, जिससे सड़क पर दुर्घटना की स्थिति बन सकती है। विभाग ने लोगों से जिम्मेदारी के साथ वाहन चलाने और निर्धारित सुरक्षा मानकों के अनुसार ही वाहनों का उपयोग करने की सलाह दी है।