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कांगड़ा जिला में 60 हजार श्रमिकों ने उठाया योजनाओं का लाभ: नरदेव कंवर

हिमाचलनाउ डेस्क • 24 Feb 2025 • 1 Min Read

कामगार कल्याण बोर्ड श्रमिकों के आर्थिक उत्थान के लिए कर रहा सक्रिय कार्य

कांगड़ा, 24 फरवरी: कांगड़ा जिला में करीब 60 हजार श्रमिकों और मजदूरों ने कामगार कल्याण बोर्ड की विभिन्न योजनाओं का लाभ उठाया है। बोर्ड के अध्यक्ष नरदेव कंवर ने सोमवार को जमानाबाद पंचायत में आयोजित श्रमिक जागरूकता शिविर की अध्यक्षता करते हुए यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पिछले एक वर्ष में कांगड़ा जिला में श्रमिकों के कल्याण के लिए ₹4.25 करोड़ की राशि खर्च की गई है।


प्रमुख बिंदु:

  • कांगड़ा उपमंडल में ₹55 लाख की राशि विभिन्न योजनाओं के तहत वितरित।
  • कामगार कल्याण बोर्ड द्वारा 13 कल्याणकारी योजनाएं चलाई जा रही हैं।
  • ई-केवाईसी प्रक्रिया के तहत पंजीकृत श्रमिकों को दी गई जानकारी।
  • ग्रामीण स्तर पर योजनाओं के प्रचार-प्रसार पर दिया गया जोर।

श्रमिकों के लिए कल्याणकारी योजनाएं:

नरदेव कंवर ने बताया कि बोर्ड का मुख्य उद्देश्य श्रमिकों और मजदूरों के आर्थिक उत्थान के लिए काम करना है। इसके तहत विभिन्न योजनाओं जैसे:

  • स्वास्थ्य बीमा
  • शिक्षा सहायता
  • आवास निर्माण सहायता
  • वृद्धावस्था पेंशन
  • मातृत्व लाभ योजना
    आदि योजनाओं को श्रमिकों तक पहुँचाया जा रहा है।

सरकारी अधिकारियों का योगदान और सहयोग:

  • हिमाचल प्रदेश पथ परिवहन निगम के उपाध्यक्ष अजय वर्मा और एपीएमसी अध्यक्ष निशु मोगरा ने कहा कि प्रदेश सरकार श्रमिकों के कल्याण के लिए निरंतर प्रयासरत है।
  • उन्होंने ₹55 लाख की राशि आवंटित करने पर प्रदेश सरकार का आभार जताया।

ई-केवाईसी प्रक्रिया पर जागरूकता:

श्रम कल्याण अधिकारी लोकेश शर्मा ने जागरूकता शिविर में पंजीकृत श्रमिकों को ई-केवाईसी प्रक्रिया के महत्व और प्रक्रिया के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि पंजीकृत मजदूर समय पर ई-केवाईसी करवाकर सभी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ उठा सकते हैं।


कार्यक्रम में उपस्थित गणमान्य लोग:

कार्यक्रम में ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष नागेश्वर मनकोटिया, प्रदेश कांग्रेस सचिव राजेश राजा, जिला महासचिव कांग्रेस कमेटी आशीष शर्मा, जिला परिषद सदस्य पंकु कांगड़िया, महासचिव जिला इंटक रविंद्र सिंह रवि, इंटक वाइस प्रेसिडेंट संजीव ठाकुर, बीडीसी सदस्य कांता सरोच, प्रधान कुलदीप कुमार और बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण उपस्थित रहे।