नाहन में मिलाद-उन-नबी पर पैगंबर मोहम्मद की शिक्षाओं और भाईचारे का संदेश
नाहन में मिलाद-उन-नबी पर गूंजा पैगंबर मोहम्मद की जिंदगी का संदेश
नाहन। नाहन में मिलाद-उन-नबी का पर्व श्रद्धा और भाईचारे के साथ मनाया गया। इस अवसर पर कच्चा टैंक स्थित जामा मस्जिद और गुन्नू घाट मस्जिद में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिसमें 100 से अधिक बच्चों ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान 20 बच्चों ने कुरान मुकम्मल किया।
जामा मस्जिद के मौलाना रऊफ और मौलाना आशिक ने पैगंबर मोहम्मद साहब की जिंदगी, उनके आदर्शों और इंसानियत व भाईचारे के संदेश पर तकरीरें कीं। उन्होंने लोगों से पैगंबर साहब के बताए रास्ते पर चलने और समाज में आपसी प्रेम व सौहार्द बनाए रखने का आह्वान किया।
कार्यक्रम का आयोजन जामा मस्जिद कमेटी के प्रधान हाजी मुमताज खान और गुन्नू घाट मस्जिद कमेटी के प्रधान हाजी खलील की रहनुमाई में हुआ। इस दौरान अंजुमन इस्लामिया के अध्यक्ष बॉबी अहमद ने कुरान मुकम्मल करने वाले बच्चों सहित इमामों को सम्मानित किया। मस्जिद कमेटी की ओर से उपस्थित लोगों को मिठाइयां बांटी गईं तथा लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर मिलाद-उन-नबी की मुबारकबाद दी। उधर अंजुमन इस्लामिया के सदर बॉबी अहमद ने कहा कि मिलाद-उन-नबी हमें पैगंबर मोहम्मद साहब की जिंदगी, उनकी शिक्षाओं और इंसानियत के प्रति उनके संदेश को याद करने का अवसर देता है। हमें उनके बताए रास्ते पर चलते हुए समाज में प्रेम, भाईचारे और आपसी सौहार्द को मजबूत करना चाहिए। बच्चों ने कुरान मुकम्मल कर जिस लगन और मेहनत का परिचय दिया है, वह पूरे समाज के लिए गर्व की बात है। सदर ने अपील करते हुए कहा कि कि हम मिल-जुलकर रहें और देश व समाज की तरक्की के लिए अपना योगदान दें। मिलाद-उन-नबी के इस पावन अवसर पर सभी को दिली मुबारकबाद और देश-दुनिया में अमन-चैन की दुआ।
कार्यक्रम के अंत में मौलाना की ओर से देश और दुनिया में अमन, शांति, भाईचारे और खुशहाली के लिए विशेष दुआ की गई।