दूध खरीद बंद करने का फैसला किसान विरोधी, भाजपा करेगी विरोध : लोकेन्द्र कुमार
आनी विधायक लोकेन्द्र कुमार ने बीएमसी केंद्रों से दूध खरीद बंद करने के निर्णय को किसान विरोधी बताते हुए इसकी कड़ी आलोचना की है। उन्होंने कहा कि इस फैसले से दूध उत्पादक किसानों और महिला स्वयं सहायता समूहों की आजीविका प्रभावित होगी। भाजपा ने सरकार से निर्णय वापस लेने की मांग करते हुए प्रदेशव्यापी आंदोलन की चेतावनी दी है।
शिमला
आनी विधायक लोकेन्द्र कुमार ने प्रदेश सरकार द्वारा बीएमसी केंद्रों से दूध खरीद बंद करने के निर्णय को किसान विरोधी बताते हुए इसकी कड़ी आलोचना की है। उन्होंने कहा कि यह फैसला दूध उत्पादक किसानों और महिला स्वयं सहायता समूहों की आजीविका पर सीधा प्रहार है।लोकेन्द्र कुमार ने आरोप लगाया कि सरकार एक ओर किसानों की आय बढ़ाने के दावे कर रही है, जबकि दूसरी ओर दूध उत्पादकों को समय पर भुगतान तक नहीं मिल रहा। उन्होंने कहा कि प्रदेश में दूध उत्पादन बढ़ना किसानों की मेहनत का परिणाम है, लेकिन सरकार अतिरिक्त उत्पादन के प्रबंधन के लिए कोई ठोस व्यवस्था नहीं कर पाई।
उन्होंने कहा कि दत्तनगर दुग्ध प्रसंस्करण संयंत्र की क्षमता पूर्व भाजपा सरकार के कार्यकाल में 25 हजार लीटर से बढ़ाकर 50 हजार लीटर की गई थी। इसके बावजूद वर्तमान सरकार संयंत्र के विस्तार और आधुनिकीकरण को लेकर कोई प्रभावी कदम नहीं उठा सकी। विधानसभा में सरकार स्वयं स्वीकार कर चुकी है कि क्षेत्र में प्रतिदिन करीब एक लाख लीटर दूध का उत्पादन हो रहा है।विधायक ने सवाल उठाया कि जब सरकार को उत्पादन बढ़ने की जानकारी थी तो अतिरिक्त दूध के संग्रहण और प्रसंस्करण की व्यवस्था पहले क्यों नहीं की गई। उन्होंने कहा कि दूध खरीद बंद होने से हजारों किसानों की रोजमर्रा की आय प्रभावित होगी और उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा।
लोकेन्द्र कुमार ने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू, मिल्कफेड प्रबंधन और संबंधित अधिकारियों से इस निर्णय पर जवाब मांगा है। उन्होंने कहा कि किसानों को सुविधाएं देने के बजाय उन्हें परेशान करने की नीति अपनाई जा रही है।उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी किसानों के साथ मजबूती से खड़ी है और उनके हितों की रक्षा के लिए सड़क से लेकर सदन तक संघर्ष करेगी। साथ ही चेतावनी दी कि यदि सरकार ने निर्णय वापस नहीं लिया तो भाजपा प्रदेशव्यापी आंदोलन शुरू करेगी।