नाहन शहर में पुलिस का कड़ा पहरा, बाहरी राज्यों के वाहनों की सघन जांच ; शहर में शांत रहा माहौल
नाहन में दो समुदायों के युवकों के बीच पत्थरबाजी और तोड़फोड़ की घटना के बाद पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। बीएनएसएस की धारा 163 लागू होने के बीच शहर के संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस बल तैनात रहा और बाहरी राज्यों से आने वाले वाहनों को जांच के बाद ही प्रवेश दिया गया। अधिकारियों के अनुसार, यह सुरक्षा व्यवस्था अगले तीन दिनों तक जारी रहेगी। पुलिस की सतर्कता के कारण मंगलवार को शहर का माहौल शांत रहा।
नाहन
वाल्मीकि चौक, मोहल्ला गोबिंदगढ़ और वाल्मीकि मोहल्ले में पुलिस ने लोगों की भीड़ एकत्रित नहीं होने दी। हरियाणा, पंजाब, उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश की ओर से आने वाले मार्गों पर कांशीवाला और वाल्मीकि चौक के पास कड़ा पहरा रखा गया। पुलिस प्रशासन को सूचना मिली थी कि पंजाब से निहंग सिख और हरियाणा व पंजाब से वाल्मीकि समुदाय के लोग मंगलवार को नाहन पहुंचकर धरना-प्रदर्शन कर सकते हैं। इसके मद्देनजर सोमवार रात से ही शहर में निगरानी और गश्त बढ़ा दी गई थी।

किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए रिजर्व बटालियन के जवानों को भी तैनात किया गया है। पुलिस अधीक्षक सिरमौर निश्चित सिंह नेगी ने शहर का लगातार निरीक्षण कर सुरक्षा प्रबंधों और मौजूदा स्थिति का जायजा लिया। पुलिस प्रशासन ने कहा कि शहरवासियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। बाहरी राज्यों से आने वाले सभी वाहनों की जांच की जा रही है और संवेदनशील क्षेत्रों पर लगातार नजर रखी जा रही है।
पत्थरबाजी और तोड़फोड़ की जांच जारी
वाल्मीकि चौक पर 23 अक्टूबर को दो समुदायों के लोगों के बीच हुई पत्थरबाजी तथा चौक और वाहनों को नुकसान पहुंचाने की घटनाओं की जांच जारी है। पुलिस सीसीटीवी कैमरों की फुटेज और उपलब्ध वीडियो के आधार पर घटना में शामिल लोगों की पहचान करने में जुटी है। अधिकारियों के अनुसार, पहचान और जांच की प्रक्रिया पूरी होने के बाद संबंधित युवकों को पूछताछ के लिए थाने बुलाया जा सकता है। इसके बाद सामने आए तथ्यों के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
आपसी भाईचारा बनाए रखने की अपील
घटना के बाद आपसी सौहार्द बहाल करने के प्रयास भी किए गए। वाल्मीकि तीर्थ अमृतसर से बिल्लू वाल्मीकि और बुड्ढा दल अमृतसर से जत्थेदार अवतार सिंह नाहन पहुंचे। दोनों प्रतिनिधियों ने समुदायों से मतभेद भुलाकर भाईचारा बनाए रखने और आपसी बातचीत से मामले को समाप्त करने की अपील की। उन्होंने जिला प्रशासन से बीएनएसएस की धारा 163 हटाने का अनुरोध भी किया, ताकि शहर में सामान्य स्थिति बहाल करने में मदद मिल सके। फिलहाल पुलिस पूरी तरह अलर्ट है और स्थिति की निगरानी जारी है।