POCSO / नाबालिग छात्रा से छेड़छाड़ और अपहरण के प्रयास में दोषी करार, अदालत ने सुनाई सजा
POCSO / सोलन जिले के नालागढ़ क्षेत्र में वर्ष 2022 में एक नाबालिग छात्रा के साथ छेड़छाड़ और अपहरण के प्रयास के मामले में फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट (पॉक्सो) ने आरोपी को दोषी करार देते हुए विभिन्न धाराओं के तहत सजा और जुर्माना लगाया है। अदालत ने मामले में प्रस्तुत साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर आरोपी को पॉक्सो अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में दोषी माना।
सोलन/नालागढ़
अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश, फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट (POCSO) सोलन कनिका चावला की अदालत ने नालागढ़ तहसील के गांव नंगल उपरला निवासी देवी राम को दोषी ठहराया। अदालत ने आरोपी को पॉक्सो अधिनियम की धारा 8 के तहत तीन वर्ष के साधारण कारावास और 5,000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। इसके अलावा आईपीसी की धारा 354-बी के तहत भी तीन वर्ष का साधारण कारावास और 5,000 रुपये जुर्माना लगाया गया। वहीं धारा 354-डी के तहत एक वर्ष के साधारण कारावास तथा 3,000 रुपये जुर्माना और धारा 341 के तहत 3,000 रुपये जुर्माना लगाया गया। जुर्माना अदा नहीं करने की स्थिति में अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा।
स्कूल से लौटते समय हुई थी वारदात
अभियोजन के अनुसार, 15 दिसंबर 2022 को पीड़िता, जो उस समय नाबालिग थी, स्कूल से घर लौट रही थी। इसी दौरान आरोपी मोटरसाइकिल पर वहां पहुंचा और उसने छात्रा का रास्ता रोक लिया। आरोप है कि उसने बच्ची को पकड़कर जबरन उठाया और जंगल की ओर ले जाने का प्रयास किया। हालांकि पीड़िता आरोपी के चंगुल से निकलकर सुरक्षित घर पहुंच गई और उसने पूरी घटना अपने पिता को बताई। इसके बाद मामला नालागढ़ पुलिस थाने में दर्ज कराया गया।
14 गवाहों के बयान के आधार पर हुआ फैसला
मामले की जांच पुलिस द्वारा पूरी करने के बाद अदालत में चालान पेश किया गया। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने अपने मामले को साबित करने के लिए कुल 14 गवाहों के बयान दर्ज कराए। सभी साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए विभिन्न धाराओं के तहत सजा सुनाई।