सांगला घाटी के रक्छम में 2.97 करोड़ से बनेगा आइस स्केटिंग रिंक, साहसिक पर्यटन को मिलेगा आधार
सांगला घाटी में पर्यटन और साहसिक खेलों को बढ़ावा देने के लिए रक्छम में 2.97 करोड़ रुपये की लागत से आइस स्केटिंग रिंक बनाया जाएगा। राजस्व, बागवानी, जनजातीय विकास एवं जन-शिकायत निवारण मंत्री जगत सिंह नेगी ने परियोजना की आधारशिला रखी। सरकार का लक्ष्य पर्यटन को साहसिक खेलों से जोड़कर स्थानीय युवाओं के लिए स्वरोजगार के अवसर तैयार करना और क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को मजबूत करना है। दौरे के दौरान बटसेरी में मल निकासी योजना का शिलान्यास और थैमगारंग में सरकारी स्कूल भवन का उद्घाटन भी किया गया।

किन्नौर/सांगला
जगत सिंह नेगी ने सांगला घाटी की विभिन्न पंचायतों के दौरे के दौरान रक्छम पंचायत में प्रस्तावित आइस स्केटिंग रिंक का शिलान्यास किया। परियोजना के निर्माण पर 2 करोड़ 97 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। रिंक बनने से क्षेत्र में साहसिक खेल गतिविधियों के लिए नया आधारभूत ढांचा उपलब्ध होगा। मंत्री ने कहा कि सीमावर्ती क्षेत्रों को पर्यटन की दृष्टि से विकसित करने के साथ साहसिक खेलों को प्रोत्साहित करने पर ध्यान दिया जाएगा, ताकि स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर पैदा हो सकें।

बॉर्डर टूरिज्म और भूमि अधिकारों पर जोर
राजस्व मंत्री ने कहा कि किन्नौर पर्यटन के साथ सामरिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण जिला है। उनके अनुसार बॉर्डर टूरिज्म शुरू होने से सीमावर्ती क्षेत्रों में पर्यटन गतिविधियां बढ़ेंगी और भारतीय सीमा तक सेना के सफर को कम करने में भी सहायता मिल सकती है। उन्होंने बताया कि वर्तमान प्रदेश सरकार के कार्यकाल में किन्नौर के करीब 800 निर्धन और उपेक्षित वर्ग के लोगों को भू-पट्टे दिए गए हैं। उन्होंने भूमिहीन लोगों से वन अधिकार अधिनियम के प्रावधानों का लाभ उठाने का आग्रह भी किया।
बटसेरी में 1.92 करोड़ की मल निकासी योजना
सांगला घाटी के दौरे के दौरान जगत सिंह नेगी ने ग्राम पंचायत बटसेरी में 1 करोड़ 92 लाख रुपये की लागत से बनने वाली मल निकासी योजना की आधारशिला रखी। उन्होंने कहा कि जनजातीय क्षेत्र में ग्रामीण आधारभूत ढांचे को मजबूत करने के लिए विभिन्न विकास योजनाओं पर काम किया जा रहा है। बटसेरी में आयोजित कार्यक्रम के दौरान महिला मंडल और राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला के विद्यार्थियों की सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के लिए दस-दस हजार रुपये देने की घोषणा भी की गई।

बास्पा नदी की सुरक्षा दीवारों पर निर्देश
मंत्री ने बास्पा नदी के तटीकरण के तहत बनाई जा रही सुरक्षा दीवारों का काम निर्धारित मानकों के अनुसार और गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नदी किनारे सुरक्षा संबंधी कार्यों को मजबूत करने से आपदा के समय जोखिम कम करने और क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था बेहतर बनाने में मदद मिलेगी। सांगला घाटी जैसे संवेदनशील पहाड़ी क्षेत्र में नदी तटीकरण और सुरक्षा दीवारों के कार्य को आपदा प्रबंधन की दृष्टि से महत्वपूर्ण बताते हुए संबंधित विभागों को गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।

थैमगारंग में स्कूल भवन का उद्घाटन
जगत सिंह नेगी ने ग्राम पंचायत थैमगारंग में युवक मंडल भवन की आधारशिला रखने के साथ 1 करोड़ 60 लाख रुपये की लागत से निर्मित राजकीय उच्च विद्यालय भवन का उद्घाटन किया। उन्होंने बताया कि प्रदेश के 150 सरकारी स्कूलों में सीबीएसई पैटर्न से शिक्षा उपलब्ध करवाई जा रही है। किन्नौर जिले के निचार, भावानगर, सांगला, रिकांगपिओ और कानम के स्कूलों में भी यह व्यवस्था शुरू की जा रही है। सरकारी स्कूलों में पहली कक्षा से अंग्रेजी माध्यम में शिक्षा उपलब्ध करवाने की दिशा में भी कदम उठाए गए हैं।
दौरे के दौरान राजस्व मंत्री ने विभिन्न पंचायतों में स्थानीय लोगों की समस्याएं सुनीं और उठाए गए मामलों का चरणबद्ध तरीके से समाधान करने का आश्वासन दिया। इस अवसर पर स्थानीय पंचायत प्रतिनिधियों के साथ प्रशासनिक और विभिन्न विभागों के अधिकारी तथा अन्य प्रतिनिधि मौजूद रहे। मंत्री ने अधिकारियों से विकास कार्यों को तय मानकों के अनुसार पूरा करने और जनजातीय क्षेत्रों में पात्र लोगों तक सरकारी योजनाओं तथा भूमि अधिकारों से जुड़े प्रावधानों का लाभ पहुंचाने के निर्देश दिए।