सोलन में एयर रेड एवं बमबारी परिदृश्य पर आधारित मॉक ड्रिल की तैयारी को लेकर टेबल टॉप एक्सरसाइज आयोजित
Himachalnow / सोलन
सोलन में आपदा प्रबंधन प्रणाली को मजबूत करने के उद्देश्य से एयर रेड एवं बमबारी परिदृश्य पर आधारित मॉक ड्रिल की तैयारियों को लेकर टेबल टॉप एक्सरसाइज आयोजित की गई। इस दौरान संबंधित विभागों की भागीदारी के साथ अभ्यास की रूपरेखा, सुरक्षा व्यवस्था और आपातकालीन प्रतिक्रिया तंत्र की समीक्षा की गई।
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मॉक ड्रिल की रूपरेखा और समय निर्धारण
टेबल टॉप एक्सरसाइज की अध्यक्षता गृह रक्षा 11वीं वाहिनी सोलन के आदेशक संतोष शर्मा ने की। उन्होंने बताया कि प्रस्तावित मॉक ड्रिल 24 अप्रैल 2026 को रात 8:30 बजे से ठोडो मैदान के समीप वार्ड नंबर 7 स्थित नगर निगम भवन में आयोजित की जाएगी। अभ्यास के दौरान 8:30 से 8:45 बजे तक संबंधित क्षेत्र में नियंत्रित ब्लैक आउट किया जाएगा, ताकि वास्तविक आपदा जैसी स्थिति का प्रभावी परीक्षण किया जा सके और त्वरित प्रतिक्रिया प्रणाली को परखा जा सके।
कंट्रोल रूम और आपातकालीन व्यवस्थाएं
मॉक ड्रिल के दौरान जिला आपदा प्रबंधन कार्यालय में विशेष कंट्रोल रूम स्थापित किया जाएगा, जबकि अस्पताल में घायलों के उपचार के लिए अलग से आपातकालीन कंट्रोल रूम बनाया जाएगा। इसके साथ ही जवाहर पार्क में लगाए गए अलार्म को निर्धारित समय 8:30 बजे सक्रिय किया जाएगा, ताकि लोगों को सतर्क किया जा सके। यह पूरी व्यवस्था आपदा की स्थिति में त्वरित संचार और राहत कार्यों के समन्वय को मजबूत करने के उद्देश्य से तैयार की गई है।
वॉलिंटियर प्रशिक्षण और आपदा तैयारी
अधिकारियों ने बताया कि इस मॉक ड्रिल का मुख्य उद्देश्य सिटी वॉलिंटियर, पुलिस, होमगार्ड, एनएसएस और आपदा मित्रों को आपदा प्रबंधन के लिए तैयार करना है। जिला सोलन में अब तक लगभग 1200 वॉलिंटियर तैयार किए जा चुके हैं, जबकि वर्ष 2029 तक 5500 वॉलिंटियर तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है। वर्ष में दो बार अप्रैल और नवंबर माह में इस तरह के अभ्यास आयोजित किए जाते हैं, जिससे आपदा के समय त्वरित और प्रभावी प्रतिक्रिया सुनिश्चित की जा सके।
जनता के लिए दिशा-निर्देश
अधिकारियों ने लोगों से अपील की कि मॉक ड्रिल के दौरान किसी भी प्रकार की घबराहट या भ्रम की स्थिति में न आएं, क्योंकि यह एक पूर्व नियोजित अभ्यास है। उन्होंने कहा कि इसका उद्देश्य केवल आपदा प्रबंधन तैयारियों को परखना और उन्हें और अधिक सुदृढ़ बनाना है, इसलिए नागरिकों से प्रशासन का पूर्ण सहयोग करने की अपील की गई है।