एटरनल यूनिवर्सिटी की छात्राओं ने किया पौधारोपण, किसानों को बताए नकदी फसलों के विपणन के गुर
एटरनल यूनिवर्सिटी के बी.एससी. (ऑनर्स) कृषि द्वितीय वर्ष की छात्राओं ने राजगढ़ उपमंडल के खैरी स्थित सरकारी वन नर्सरी में पौधारोपण किया। इस अवसर पर उन्हें पर्यावरण संरक्षण और नकदी फसलों के विपणन के बारे में व्यावहारिक जानकारी दी गई।
राजगढ़
वन नर्सरी में पौधारोपण और भ्रमण
वन विभाग के अधिकारियों ने विद्यार्थियों को विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने की तकनीकें सिखाईं। छात्राओं ने वन रक्षक भगत और उनकी टीम की मदद से चारे और लकड़ी की प्रजातियों के पौधे लगाए। इसके बाद उन्होंने लगभग 1.5 हेक्टेयर में फैली नर्सरी का भ्रमण किया, जहाँ नीम, रीठा, बाँस, जामुन, शहतूत, बेल और आंवला जैसी प्रजातियों के पौधे देखे।
कृषि उपज मंडी में विपणन की जानकारी
भ्रमण के दौरान छात्राओं को खैरी कृषि उपज मंडी भी ले जाया गया। वहाँ व्यापारियों और कमीशन एजेंटों सुरेंद्र और कपिल देव ने उन्हें लहसुन, टमाटर, शिमला मिर्च और सेम जैसी नकदी फसलों के विपणन और बिक्री की प्रक्रिया समझाई। व्यापारियों ने बताया कि सिरमौर में उगाया गया लहसुन देश के बड़े बाजारों तक पहुँचता है।
शिक्षा से परे व्यावहारिक अनुभव
पाठ्यक्रम प्रभारी डॉ. एस.के. चौहान ने कहा कि यह शैक्षणिक भ्रमण छात्रों के लिए बेहद उपयोगी रहा। उन्होंने बताया कि इस तरह के अनुभव विद्यार्थियों को किताबों से इतर, कृषि क्षेत्र की वास्तविक चुनौतियों और संभावनाओं को समझने का अवसर देते हैं।