मृत व्यक्ति के नाम पर फर्जी दस्तावेज, 231 करोड़ के फर्जी जीएसटी कारोबार का खुलासा
हिमाचल नाऊ न्यूज नाहन
हिमाचल प्रदेश गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (जीएसटी) एनफोर्समेंट विंग साउथ जोन परमाणु की टीम ने बड़े जीएसटी फर्जीवाड़े का पर्दाफाश किया है। जिला किन्नौर के निचार निवासी अबिनाश कुमार ने कथित तौर पर एक मृत व्यक्ति के नाम पर फर्जी रेंट डीड और बिजली बिल का इस्तेमाल कर जीएसटी नंबर हासिल किया। इसके बाद जनवरी से जून 2026 के बीच करीब 231 करोड़ रुपये के फर्जी गुड्स एंड सर्विसेज इनवॉइस जारी किए गए। जांच में 41.61 करोड़ रुपये के आईजीएसटी फर्जीवाड़े का भी खुलासा हुआ है।
जांच के अनुसार फर्जी फर्म के माध्यम से दिल्ली, हरियाणा सहित अन्य राज्यों में करीब 32 करोड़ रुपये की खरीदारी दर्शाई गई, जबकि कैश के माध्यम से जमा टैक्स महज 247 रुपये दिखाया गया। मामला सामने आते ही जीएसटी एनफोर्समेंट विंग ने संबंधित जीएसटी नंबर तत्काल निलंबित कर दिया। वहीं कैश लेजर में उपलब्ध करीब 10.60 लाख रुपये का इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) भी ब्लॉक कर दिया गया है।
मामले में पांवटा साहिब से संबंधित तीन सहायक आयुक्तों की टीम आगे की जांच कर रही है। इसके अलावा किन्नौर स्थित आरोपी के बैंक खाते को फ्रीज करने के आदेश जारी किए गए हैं। बैंक प्रबंधन से खाता खोलने के लिए जमा करवाए गए दस्तावेजों और केवाईसी संबंधी पूरी जानकारी भी मांगी गई है।
जीएसटी एनफोर्समेंट विंग साउथ जोन परमाणु के संयुक्त आयुक्त जीडी ठाकुर ने बताया कि टीम ने 231 करोड़ रुपये के फर्जी गुड्स एंड सर्विसेज इनवॉइस से जुड़े मामले का खुलासा किया है। मामले की विस्तृत जांच जारी है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
