राजधानी की सड़कों पर गड्ढे, धूल और सवाल; भाजपा ने सरकार से पूछा- विकास के दावे आखिर कहां हैं?
ढली से शिमला में प्रवेश करते ही सड़क की बदहाली पर राकेश डोगरा ने उठाए सवाल, बोले- राजधानी की हालत ही सरकार के कामकाज का आईना
हिमाचल नाऊ न्यूज शिमला।
राजधानी शिमला में प्रवेश करते ही खराब सड़कों और उड़ती धूल से लोगों को हो रही परेशानी ने प्रदेश सरकार के विकास कार्यों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। ढली क्षेत्र में सड़क की बदहाल स्थिति को लेकर भाजपा प्रवक्ता राकेश डोगरा ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रदेश की राजधानी की सड़कें ही यदि गड्ढों और धूल से जूझ रही हैं, तो दूरदराज के क्षेत्रों की स्थिति का सहज अंदाजा लगाया जा सकता है।
राकेश डोगरा ने कहा कि ढली में शिमला शहर की शुरुआत के साथ ही जगह-जगह सड़क पर गड्ढे नजर आते हैं। इससे वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, वहीं सड़क से उड़ने वाली धूल स्थानीय लोगों के साथ पर्यटकों के लिए भी परेशानी का कारण बन रही है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार को सत्ता में आए लगभग चार वर्ष हो चुके हैं। इसके बावजूद राजधानी की सड़कों की हालत में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ है। उनका कहना था कि सरकार लगातार विकास के बड़े-बड़े दावे करती है, लेकिन शिमला की सड़कों की स्थिति इन दावों की जमीनी तस्वीर सामने रख रही है।
भाजपा प्रवक्ता ने सवाल उठाया कि जब राजधानी में आने वाले लोगों का सामना खराब सड़कों से हो रहा है, तो सरकार प्रदेश में सड़क विकास को लेकर किए जा रहे दावों की समीक्षा क्यों नहीं कर रही है। उन्होंने कहा कि शिमला प्रदेश का प्रमुख पर्यटन केंद्र है और यहां की सड़क व्यवस्था सीधे तौर पर स्थानीय लोगों के साथ पर्यटकों की सुविधा से जुड़ी है।
डोगरा ने सरकार से मांग की कि ढली सहित शिमला शहर की जर्जर सड़कों का तत्काल निरीक्षण करवाकर आवश्यक मरम्मत कार्य शुरू किए जाएं। उन्होंने कहा कि सड़कें केवल आवागमन का माध्यम नहीं, बल्कि किसी भी शहर की बुनियादी व्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं और राजधानी की सड़कों की बदहाली को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।