शिक्षा और स्कॉलरशिप पर जोर : शिलाई और संगड़ाह के दुर्गम स्कूलों में सुधार की पहल
Himachalnow / नाहन
उपायुक्त सुमित खिमटा ने नाहन में आयोजित कल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा बैठक के दौरान शिक्षा विभाग पर विशेष ध्यान दिया। उन्होंने शिलाई और संगड़ाह के दुर्गम इलाकों में स्थित स्कूल भवनों की स्थिति का आकलन करने और डॉ. यशवंत सिंह परमार स्कॉलरशिप योजना के तहत पात्र विद्यार्थियों की पहचान करने के निर्देश दिए। उपायुक्त ने शिक्षा और स्कॉलरशिप योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर देते हुए कहा कि यह प्रयास दुर्गम क्षेत्रों के छात्रों के लिए उच्च शिक्षा के अवसरों को सुलभ बनाएगा।
कल्याणकारी योजनाओं की प्रगति पर चर्चा
बैठक में केंद्र और प्रदेश सरकार की विभिन्न योजनाओं, जैसे डीआरडीए, जिला कल्याण विभाग, आईसीडीएस, स्वास्थ्य और आयुष विभागों की प्रगति पर चर्चा की गई। जिला कल्याण अधिकारी विवेक अरोड़ा ने जानकारी दी कि जिला सिरमौर में इंदिरा गांधी प्यारी बहना सुख सम्मान निधि योजना के तहत 4,128 महिलाओं को लाभान्वित किया गया है। इसके अलावा, सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के तहत 9,642 व्यक्तियों को पेंशन के मामले स्वीकृत किए गए हैं।
योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पहुंचाने का निर्देश
उपायुक्त ने सभी विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे सुनिश्चित करें कि प्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही कल्याणकारी योजनाओं का लाभ केवल पात्र व्यक्तियों तक ही पहुंचे। उन्होंने कहा कि इन योजनाओं की सटीक और समयबद्ध क्रियान्वयन से समाज के कमजोर वर्गों को बेहतर सेवाएं प्रदान की जा सकती हैं।
प्रमुख अधिकारी बैठक में रहे उपस्थित
इस बैठक में उपमंडल अधिकारी राजीव सांख्यान, नगर परिषद नाहन के कार्यकारी अधिकारी संजय कुमार, खंड विकास अधिकारी परमजीत सिंह ठाकुर, जिला राजस्व अधिकारी चेतन चौहान, जिला कार्यक्रम अधिकारी सुनील शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों ने सरकार की योजनाओं को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए अपने सुझाव और रिपोर्ट प्रस्तुत किए।
इस बैठक में शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक कल्याण से जुड़ी योजनाओं की प्रगति पर चर्चा के साथ-साथ उनकी पारदर्शिता और क्रियान्वयन में सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए गए।