सोलन में विश्व क्षय रोग दिवस पर संगोष्ठी, टीबी उन्मूलन को लेकर जागरूकता पर जोर
Himachalnow / सोलन
सोलन में विश्व क्षय रोग दिवस के अवसर पर आयोजित संगोष्ठी में टीबी उन्मूलन के लिए जन जागरूकता और समय पर जांच को जरूरी बताया गया। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से लक्षण दिखने पर तुरंत जांच करवाने और उपचार पूरा करने की अपील की।
सोलन
विश्व क्षय रोग दिवस पर संगोष्ठी का आयोजन
सोलन जिला के टीबी सेल द्वारा विश्व क्षय रोग दिवस के उपलक्ष्य पर एक जागरूकता संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों को क्षय रोग के प्रति जागरूक करना और इसके उन्मूलन के लिए सामुदायिक भागीदारी को बढ़ावा देना रहा। संगोष्ठी में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों, कर्मचारियों और प्रतिभागियों ने भाग लिया और टीबी से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की गई, जिससे लोगों को इस बीमारी के प्रति जागरूक किया जा सके।
टीबी मुक्त सोलन बनाने और समय पर पहचान पर जोर
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अजय पाठक ने कहा कि सोलन जिला को क्षय रोग मुक्त बनाने के लिए निरंतर प्रयास जरूरी हैं। उन्होंने कहा कि इसके लिए समय पर रोग की पहचान, मरीजों का पूरा उपचार, जन जागरूकता और सामुदायिक भागीदारी बेहद अहम है। उन्होंने यह भी बताया कि यदि बीमारी की शुरुआती अवस्था में पहचान हो जाए तो उपचार अधिक प्रभावी होता है और संक्रमण को फैलने से रोका जा सकता है।
गांव-गांव में शिविर और जांच अभियान
उन्होंने जानकारी दी कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा निक्षय मित्र योजना के तहत गांव-गांव में शिविर लगाए जा रहे हैं, जहां एक्स-रे और बलगम जांच के माध्यम से संभावित मरीजों की पहचान की जा रही है। इन शिविरों में चिन्हित मरीजों का तुरंत उपचार शुरू किया जा रहा है, ताकि बीमारी को नियंत्रित किया जा सके और अधिक से अधिक लोगों को समय पर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें।
लक्षण दिखने पर जांच और जागरूकता की अपील
डॉ.अजय पाठक ने लोगों से आग्रह किया कि यदि किसी व्यक्ति में क्षय रोग के लक्षण दिखाई दें तो वह देरी न करते हुए अपने नजदीकी स्वास्थ्य संस्थान में जांच करवाएं। उन्होंने कहा कि जागरूकता, समय पर जांच और पूरा उपचार ही टीबी को खत्म करने का सबसे प्रभावी तरीका है। इस अवसर पर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी, जिला टीबी सेल के सदस्य और अन्य प्रतिभागी भी उपस्थित रहे।