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हेल्थ एंड वेलनेस पर हर स्कूल में माह में दो सेशन करें आयोजित : एडीसी

हिमांचलनाउ डेस्क नाहन • 30 Jan 2025 • 1 Min Read

बच्चों को 30 चिह्नित बीमारियों का निशुल्क उपचार का प्रावधान

अतिरिक्त उपायुक्त विनय कुमार ने स्वास्थ्य और शिक्षा विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी विद्यालयों में विद्यार्थियों के लिए हेल्थ एंड वेलनेस सेशन नियमित रूप से आयोजित किए जाएं। उन्होंने कहा कि हर स्कूल में हर महीने कम से कम दो सेशन होने चाहिए और विद्यार्थियों के स्वास्थ्य का रिपोर्ट कार्ड भी तैयार किया जाना चाहिए। यह कदम उन बच्चों की पहचान में मदद करेगा जिनमें किसी बीमारी के प्रारंभिक लक्षण पाए जाते हैं, ताकि समय पर उनका उपचार संभव हो सके।

सरकारी अस्पतालों में बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के रोगियों को प्राथमिकता

राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत, सरकारी अस्पतालों और टांडा मेडिकल कॉलेज में बाल रोगियों को प्राथमिकता के आधार पर उपचार मुहैया करवाने के निर्देश दिए गए हैं। अतिरिक्त उपायुक्त ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी और टांडा मेडिकल कॉलेज के बाल रोग विशेषज्ञों को यह सुनिश्चित करने को कहा कि 0 से 19 वर्ष तक के बच्चों को 30 चिह्नित बीमारियों का मुफ्त निदान और उपचार मिले।

नई दिशा केंद्रों में किशोरों के लिए काउंसलिंग सुविधा

जिला कांगड़ा में राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत 19 नई दिशा केंद्र स्थापित किए गए हैं, जहां किशोरों को काउंसलिंग और क्लीनिकल सेवाएं उपलब्ध करवाई जा रही हैं। इन केंद्रों में प्रशिक्षित स्टाफ मौजूद है। एडीसी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अधिक से अधिक बच्चों को इस सुविधा के बारे में जागरूक किया जाए ताकि वे इसका लाभ उठा सकें।

शिक्षकों को हेल्थ एंड वैलनेस एंबेसडर के रूप में किया जाएगा प्रशिक्षित

अतिरिक्त उपायुक्त ने विभाग को निर्देश दिए कि स्कूलों में हेल्थ एंड वैलनेस कार्यक्रम के अंतर्गत प्रशिक्षित शिक्षकों का डेटा तैयार किया जाए। उन्होंने कहा कि सभी विज्ञान शिक्षकों को हेल्थ एंड वैलनेस एंबेसडर के रूप में प्रशिक्षित किया जाना चाहिए। इसके अलावा, अन्य अप्रशिक्षित शिक्षकों का भी चरणबद्ध तरीके से प्रशिक्षण कराया जाएगा।

छात्रों के लिए सुझाव पेटी की व्यवस्था

छठी से 12वीं कक्षा तक के सभी स्कूलों में सुझाव पेटी लगाने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि विद्यार्थी अपनी शंकाओं या सुझावों को कागज पर लिखकर जमा कर सकें। इन सुझावों को अगले हेल्थ एंड वेलनेस सेशन में चर्चा के लिए शामिल किया जाएगा, जिससे स्कूलों में एक संवादात्मक वातावरण विकसित हो सके।

बैठक में स्वास्थ्य कार्यक्रमों की समीक्षा

बैठक के दौरान मासिक धर्म स्वच्छता कार्यक्रम और राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम की प्रगति की सराहना की गई। जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. अनुराधा ने स्कूल हेल्थ एंड वेलनेस प्रोग्राम की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि हर महीने खंड स्तर पर स्कूलों में हेल्थ एंड वैलनेस डे मनाया जाता है, जिसमें बच्चों को विभिन्न स्वास्थ्य संबंधी विषयों पर जानकारी दी जाती है।

उपस्थित अधिकारी

इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजेश गुलेरी, जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजेश सूद, जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. अनुराधा, बाल विशेषज्ञ डॉ. सीमा (एचओडी पीडियाट्रिक्स टांडा), उप निदेशक उच्च शिक्षा, उप निदेशक एलीमेंट्री शिक्षा, डीपीओ आईसीडीएस अशोक शर्मा, डाइट अधिकारी, उप निदेशक समग्र शिक्षा सहित कई अधिकारी मौजूद रहे।