भरमौर में विकास योजनाओं की समीक्षा, हड़सर से यमकुंड तक बनेगा नया पैदल मार्ग
भरमौर में राजस्व, बागवानी, जनजातीय विकास एवं जन शिकायत निवारण मंत्री जगत सिंह नेगी ने विभिन्न विकास कार्यों की समीक्षा की। बैठक में मणिमहेश यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए हड़सर से यमकुंड तक नया पैदल मार्ग बनाने का निर्णय लिया गया। इसके साथ ही राष्ट्रीय राजमार्ग-154ए और प्रमुख संपर्क मार्गों के संवेदनशील स्थानों पर सुरंग निर्माण के प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए गए।
भरमौर
26 सितंबर को लघु सचिवालय पट्टी के सभागार में एकीकृत जनजातीय विकास परियोजना भरमौर की परियोजना सलाहकार समिति की बैठक आयोजित हुई। इसकी अध्यक्षता मंत्री जगत सिंह नेगी ने की, जबकि स्थानीय विधायक एवं समिति के उपाध्यक्ष डॉ. जनक विशेष रूप से उपस्थित रहे। मंत्री ने परियोजना के अंतर्गत चल रहे विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई और विभागीय समन्वय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
सुरंग प्रस्ताव और यात्रा मार्ग पर चर्चा
जगत सिंह नेगी ने राष्ट्रीय राजमार्ग-154ए और जनजातीय उपमंडल के प्रमुख संपर्क मार्गों पर संवेदनशील स्थानों की पहचान कर सुरंग निर्माण के प्रस्ताव तैयार करने को कहा। उन्होंने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण और लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मणिमहेश यात्रा के श्रद्धालुओं के लिए वन विभाग हड़सर से यमकुंड, तोश के गोठ के समीप तक नया पैदल मार्ग बनाएगा। लोक निर्माण विभाग को इसके लिए आवश्यक प्राक्कलन तैयार करने की जिम्मेदारी दी गई है।
लोक निर्माण विभाग की परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए मंत्री ने सभी सड़क परियोजनाओं से संबंधित राजस्व प्रविष्टियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में अधीक्षण अभियंता ने बताया कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के चरण-4 में भरमौर क्षेत्र के 76 गांवों में किए गए सर्वेक्षण के आधार पर 130 करोड़ रुपये की लागत वाली 17 सड़कों का निर्माण कार्य प्रगति पर है। इसके अतिरिक्त 15 सड़कों की डीपीआर तैयार हो चुकी है, जबकि 44 सड़कों के लिए गिफ्ट डीड और एफसीए मामलों की प्रक्रिया जारी है।
बैठक में यह भी बताया गया कि 183 करोड़ रुपये की लागत से 15 पुलों के निर्माण के लिए डीपीआर तैयार की जा चुकी है। मंत्री ने वन विभाग के कैंपा और कैट प्लान के अंतर्गत चल रहे कार्यों की समीक्षा करते हुए विभिन्न डंपिंग साइट और रिक्त भूमि पर पौधारोपण गतिविधियां बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने जनजातीय क्षेत्र भरमौर में लोक निर्माण विभाग की विभिन्न परियोजनाओं के तहत हुई प्रगति की सराहना भी की।
किसानों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने के निर्देश
कृषि और उद्यान विभाग के कार्यों की समीक्षा के दौरान जगत सिंह नेगी ने फल एवं सब्जियों के उत्पादन से जुड़ी वर्तमान प्रथाओं पर असंतोष जताया। उन्होंने कृषि, उद्यान और पशुपालन विभाग को संयुक्त जागरूकता शिविर आयोजित करने के निर्देश दिए, ताकि सरकारी योजनाओं का लाभ किसानों, बागवानों और पशुपालकों तक प्रभावी ढंग से पहुंच सके। उपमंडलीय प्रशासन को नागरिक चिकित्सालय भरमौर में आवश्यक दवाइयों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए भी जरूरी कदम उठाने को कहा गया।
मंत्री ने जल शक्ति, विद्युत, पशुपालन, मत्स्य पालन, परिवहन, वूल फेडरेशन, ग्रामीण विकास तथा युवा सेवाएं एवं खेल विभाग की योजनाओं और विकास कार्यों की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ काम में तेजी लाने और पात्र लोगों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने के निर्देश दिए। बैठक में ललित ठाकुर, रवि दत्त शर्मा, उपायुक्त मुकेश रेपसवाल, अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी विकास शर्मा, उपमंडल दंडाधिकारी अजय कुमार सिंह और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।