“व्यवस्था परिवर्तन नहीं, व्यवस्था पतन लाई कांग्रेस सरकार”
भाजपा ने नाहन नगर परिषद चुनाव के बीच कांग्रेस सरकार पर विकास कार्य रोकने और जनता पर आर्थिक बोझ बढ़ाने के आरोप लगाए। डॉ. राजीव बिंदल और सांसद सुरेश कश्यप ने भाजपा सरकार के कार्यकाल में हुए विकास कार्यों को प्रमुख उपलब्धि बताया। नेताओं ने मेडिकल कॉलेज, पानी और पार्किंग जैसी योजनाओं को लेकर कांग्रेस सरकार को घेरा।
नाहन
नगर परिषद चुनावों के बीच नाहन की सियासत पूरी तरह गर्मा गई है। भारतीय जनता पार्टी ने कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि “व्यवस्था परिवर्तन” के नाम पर सत्ता में आई कांग्रेस ने प्रदेश को विकास नहीं बल्कि अव्यवस्था, आर्थिक बोझ और अधूरे प्रोजेक्ट दिए हैं। नाहन में आयोजित पत्रकार वार्ता में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल और सांसद सुरेश कश्यप ने कांग्रेस सरकार को घेरते हुए कहा कि भाजपा ने अपने कार्यकाल में नाहन की तस्वीर और तकदीर बदलने का काम किया, जबकि कांग्रेस सरकार ने पिछले तीन वर्षों में विकास कार्यों पर ताले लगाने का काम किया।
डॉ. राजीव बिंदल ने कहा कि कांग्रेस नेता भाजपा से 10 वर्षों का हिसाब मांग रहे हैं, जबकि सच्चाई यह है कि कांग्रेस 40 वर्षों तक नाहन की जनता को पर्याप्त पेयजल तक उपलब्ध नहीं करवा सकी। लोग टैंकरों और पानी की किल्लत से परेशान थे। भाजपा सरकार ने गिरी गंगा योजना के माध्यम से घर-घर पानी पहुंचाकर नाहन की दशकों पुरानी समस्या का समाधान किया। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान कांग्रेस सरकार अब उस व्यवस्था को भी ठीक ढंग से संचालित करने में विफल साबित हो रही है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में नाहन शहर में बड़े स्तर पर विकास कार्य हुए। महाराणा प्रताप पार्क, रानी झांसी पार्क, हिमाचली पार्क, गुरु गोविंद सिंह पार्क और डॉ. भीमराव अंबेडकर पार्क जैसे सार्वजनिक स्थलों का निर्माण किया गया। इसके अलावा बस अड्डे के ऊपर आधुनिक मल्टी स्टोरी पार्किंग बनाई गई, जबकि ढाबों, शिमला रोड और गुरु गोविंदगढ़ मोहल्ला में भी पार्किंग सुविधाएं विकसित की गईं। उन्होंने कहा कि गुरु रविदास मोहल्ला में मल्टी स्टोरी रविदास भवन और वाल्मीकि मोहल्ला में वाल्मीकि भवन का निर्माण भी भाजपा सरकार की बड़ी उपलब्धियों में शामिल रहा।
मेडिकल कॉलेज के मुद्दे पर कांग्रेस सरकार को घेरते हुए डॉ. बिंदल ने कहा कि भाजपा सरकार के समय तेजी से बन रहा मेडिकल कॉलेज नाहन की पहचान और हजारों युवाओं के रोजगार का बड़ा केंद्र बनने जा रहा था, लेकिन कांग्रेस सरकार ने सत्ता में आते ही इस परियोजना की रफ्तार रोक दी। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्रीय मंत्री जे.पी. नड्डा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा दिए गए 261 करोड़ रुपये का हिसाब कांग्रेस सरकार आज तक नहीं दे पाई है। उन्होंने कहा कि 2024 में नर्सिंग कॉलेज के लिए 70 करोड़ और माता एवं शिशु अस्पताल के लिए 20 करोड़ रुपये दिए गए, लेकिन दोनों परियोजनाएं आज भी अधूरी पड़ी हैं और मरीज परेशान हो रहे हैं।
सांसद सुरेश कश्यप ने कांग्रेस सरकार की चुनावी गारंटियों पर निशाना साधते हुए कहा कि “व्यवस्था परिवर्तन” और “नए दौर” के नाम पर जनता को भ्रमित किया गया। उन्होंने कहा कि तीन वर्षों में न नया दौर आया और न व्यवस्था परिवर्तन हुआ, बल्कि व्यवस्था का पतन जरूर हुआ है। कश्यप ने आरोप लगाया कि महिलाओं को 1500 रुपये प्रतिमाह, युवाओं को एक लाख सरकारी नौकरियां, 300 यूनिट मुफ्त बिजली, किसानों से गोबर खरीद और स्टार्टअप फंड जैसे वादे पूरी तरह झूठ साबित हुए हैं।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने उल्टा बिजली, पानी, सीमेंट, स्टांप ड्यूटी और एचआरटीसी किराए बढ़ाकर जनता पर आर्थिक बोझ डालने का काम किया। आज कर्मचारी, पेंशनर, बेरोजगार और महिलाएं सभी इस सरकार से परेशान हैं।
भाजपा नेताओं ने नाहन मेडिकल कॉलेज की बदहाल स्थिति का मुद्दा उठाते हुए कहा कि अस्पताल में डॉक्टरों की भारी कमी हो चुकी है। सीटी स्कैन मशीन होने के बावजूद तकनीशियन और विशेषज्ञ डॉक्टर उपलब्ध नहीं हैं। इमरजेंसी सेवाएं चरमरा चुकी हैं और जो डॉक्टर कार्यरत हैं, उनमें से कई रिटायरमेंट के करीब पहुंच चुके हैं।
डॉ. बिंदल और सुरेश कश्यप ने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार ने स्थानीय निकाय और पंचायती राज चुनावों को जानबूझकर टालने का प्रयास कर लोकतांत्रिक व्यवस्था को कमजोर करने की कोशिश की। उन्होंने दावा किया कि हिमाचल प्रदेश की जनता कांग्रेस सरकार की झूठी गारंटियों और विफलताओं से पूरी तरह निराश हो चुकी है और नगर परिषद चुनावों में इसका जवाब देने का मन बना चुकी है।
