धर्मशाला आईपीएल मैचों की सुरक्षा को लेकर चार मॉक ड्रिल आयोजित की जाएंगी
Himachalnow / धर्मशाला
धर्मशाला स्थित एचपीसीए स्टेडियम में आगामी आईपीएल मैचों के दौरान सुरक्षा और आपदा प्रबंधन व्यवस्था को मजबूत करने के लिए जिला प्रशासन कांगड़ा ने व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं। इसी क्रम में विभिन्न संभावित आपदा स्थितियों से निपटने के लिए चार मॉक ड्रिल आयोजित करने का निर्णय लिया गया है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में त्वरित और समन्वित प्रतिक्रिया सुनिश्चित की जा सके।
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सुरक्षा व्यवस्था और तैयारी की रूपरेखा
ईओसी इंचार्ज रोबिन कुमार ने बताया कि आईपीएल जैसे बड़े खेल आयोजन में हजारों दर्शकों के साथ-साथ खिलाड़ियों, मैच अधिकारियों, वीआईपी, वीवीआईपी और सहयोगी स्टाफ की उपस्थिति रहती है। ऐसे में किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी विभागों की तैयारी जरूरी है। इसी को ध्यान में रखते हुए आपदा प्रबंधन से जुड़े सभी विभागों को समन्वय के साथ काम करने के निर्देश दिए गए हैं और विभिन्न परिदृश्यों के आधार पर अभ्यास किया जा रहा है।
चार मॉक ड्रिल का विस्तृत कार्यक्रम
प्रशासन की ओर से तय कार्यक्रम के अनुसार चार अलग-अलग मॉक ड्रिल आयोजित की जा रही हैं। 28 अप्रैल को पार्शियल स्टैंड कोलैप्स ड्रिल का आयोजन किया गया, जिसमें स्टेडियम के किसी हिस्से के ढांचे के गिरने की स्थिति में राहत और बचाव कार्य का अभ्यास किया गया। 29 अप्रैल को ड्रोन इंट्रूजन और एयरस्पेस थ्रेट ड्रिल आयोजित की जाएगी, जिसमें हवाई सुरक्षा से जुड़ी स्थितियों का परीक्षण होगा। 5 मई को नाइट-टाइम इमरजेंसी ड्रिल होगी, जिसमें बिजली बाधित होने या कम दृश्यता की स्थिति में भीड़ प्रबंधन और निकासी प्रक्रिया का अभ्यास किया जाएगा। इसी दिन अग्निशमन आपदा ड्रिल भी आयोजित की जाएगी, जिसमें स्टेडियम के भीतर आग लगने की स्थिति में प्रतिक्रिया का परीक्षण किया जाएगा।
पहली मॉक ड्रिल का सफल आयोजन
पहली मॉक ड्रिल के रूप में पार्शियल स्टैंड कोलैप्स ड्रिल का सफल आयोजन किया गया। इस अभ्यास में जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल, होमगार्ड, अग्निशमन विभाग, स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग और स्वयंसेवकों ने सक्रिय भागीदारी की। अभ्यास के दौरान घायलों की त्वरित निकासी, प्राथमिक उपचार, एंबुलेंस समन्वय, भीड़ नियंत्रण और आपातकालीन संचार व्यवस्था का परीक्षण किया गया। सभी विभागों ने निर्धारित समय सीमा के भीतर समन्वित तरीके से कार्य करते हुए अपनी तैयारियों का प्रदर्शन किया।
प्रशासन का उद्देश्य और आगे की प्रक्रिया
अधिकारियों के अनुसार इन मॉक ड्रिल का मुख्य उद्देश्य वास्तविक आपदा की स्थिति में त्वरित और समन्वित प्रतिक्रिया सुनिश्चित करना, उपलब्ध संसाधनों का मूल्यांकन करना और विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करना है। अभ्यास के दौरान सामने आने वाली कमियों की पहचान कर उन्हें समय रहते दूर किया जाएगा, ताकि वास्तविक आयोजन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह प्रभावी और मजबूत बनी रहे।

