Election: शिमला में मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ कांग्रेस का प्रदर्शन, पद से हटाने की मांग
Election: शिमला में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय कुमार के नेतृत्व में पार्टी नेताओं, पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने राज्य चुनाव आयोग कार्यालय के बाहर मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन किया और उनका पुतला फूंका। प्रदर्शनकारियों ने चुनाव आयोग के विरुद्ध नारेबाजी करते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश्वर कुमार को पद से हटाने की मांग की। कांग्रेस नेताओं ने चुनाव आयोग की निष्पक्षता और एसआईआर को लेकर भी सवाल उठाए।
शिमला
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर आयोजित प्रदर्शन में प्रदेश मामलों की प्रभारी रजनी पाटिल, उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री, पशुपालन मंत्री चौधरी चंद्र कुमार, शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर और पूर्व सांसद प्रतिभा सिंह शामिल हुए। इनके अलावा प्रदेश मामलों के सह प्रभारी चेतन चौहान, विदित चौधरी, रघुवीर बाली, प्रदेश संगठन महामंत्री विनोद जिंटा, पीसीसी, जिला और ब्लॉक इकाइयों के पदाधिकारी, अग्रणी संगठनों के प्रतिनिधि, शिमला नगर निगम के महापौर, पार्षद तथा पार्टी कार्यकर्ता मौजूद रहे।
रजनी पाटिल ने आरोप लगाया कि मुख्य चुनाव आयुक्त ने मतदाताओं के अधिकारों को प्रभावित किया है और चुनाव आयोग की विश्वसनीयता को नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी पहले से एसआईआर को दोषपूर्ण बता रहे थे और अब दो चुनाव आयुक्तों ने अपने पत्र में इसकी पुष्टि की है। पाटिल के अनुसार, मुख्य चुनाव आयुक्त को पद पर बने रहने का नैतिक अधिकार नहीं है। उन्होंने उन्हें पद से हटाने की मांग को लेकर कांग्रेस की ओर से देशव्यापी आंदोलन करने की बात कही।
उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने मुख्य चुनाव आयुक्त के कामकाज की आलोचना करते हुए आरोप लगाया कि 13 करोड़ से अधिक मतदाता अपने अधिकार से वंचित हुए हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे पर जन आंदोलन करेगी। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय कुमार ने भी चुनाव आयोग और भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी प्रदेश के सभी जिलों और ब्लॉकों में नुक्कड़ सभाएं आयोजित करेगी। इन सभाओं के माध्यम से लोगों को मताधिकार के प्रति जागरूक करने और कांग्रेस के आरोपों को जनता के बीच रखने की योजना है।