Education / सरकारी स्कूलों में गाइड से पढ़ाने पर सख्ती, निरीक्षण में पकड़े गए तो शिक्षकों के खिलाफ होगी कार्रवाई
हिमाचल प्रदेश के सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों को गाइड के सहारे पढ़ाने वाले शिक्षकों पर अब कार्रवाई की जाएगी। शिक्षा विभाग ने इस संबंध में स्पष्ट निर्देश जारी करते हुए स्कूलों में गाइड के इस्तेमाल पर रोक लगाने को कहा है। औचक निरीक्षण के दौरान किसी शिक्षक के पास गाइड मिलने पर उसके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है। विभाग ने स्कूलों के प्रधानाचार्यों को भी व्यवस्था की निगरानी करने के निर्देश दिए हैं।
शिमला
किताबों से पढ़ाने पर रहेगा जोर
सरकारी स्कूलों में शिक्षकों को अब विद्यार्थियों को गाइड के बजाय पाठ्यपुस्तकों के आधार पर पढ़ाना होगा। विभाग का मानना है कि गाइड के जरिए पढ़ाने से विद्यार्थी विषय को विस्तार से समझने के बजाय सीमित सामग्री पर निर्भर हो सकते हैं। इसी को देखते हुए शिक्षकों को निर्धारित पाठ्यपुस्तकों के अनुसार अध्यापन करवाने के निर्देश दिए गए हैं। स्कूल प्रशासन को भी यह सुनिश्चित करना होगा कि कक्षाओं में पढ़ाई के दौरान गाइड का इस्तेमाल न किया जाए।
औचक निरीक्षण में गाइड मिली तो होगी कार्रवाई
शिक्षा निदेशालय की ओर से स्कूलों के औचक निरीक्षण की व्यवस्था को भी इस आदेश से जोड़ा गया है। निरीक्षण के दौरान यदि किसी शिक्षक के पास गाइड पाई जाती है तो उसके खिलाफ नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है। विभाग ने प्रधानाचार्यों को निर्देश दिए हैं कि वे अपने स्तर पर भी शिक्षकों की अध्यापन व्यवस्था पर नजर रखें। आदेश का उद्देश्य स्कूलों में निर्धारित पाठ्यक्रम और पाठ्यपुस्तकों के आधार पर शिक्षण सुनिश्चित करना है।
उपनिदेशकों को फील्ड विजिट बढ़ाने के निर्देश
शिक्षा विभाग ने उपनिदेशकों को भी स्कूलों का नियमित दौरा करने और अध्यापन व्यवस्था की निगरानी करने के निर्देश दिए हैं। उन्हें अलग-अलग स्कूलों का निरीक्षण कर यह देखना होगा कि विभाग की ओर से जारी आदेशों का पालन हो रहा है या नहीं। फील्ड निरीक्षण के दौरान पढ़ाई की व्यवस्था के साथ यह भी जांचा जाएगा कि शिक्षक गाइड पर निर्भर तो नहीं हैं। किसी स्तर पर नियमों की अनदेखी सामने आने पर संबंधित मामले में कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है।
शिक्षकों के लिए निर्देशालय जारी करेगा टाइम टेबल
खबर के अनुसार शिक्षा निदेशालय शिक्षकों के लिए टाइम टेबल भी जारी करेगा। इसका उद्देश्य स्कूलों में शिक्षण व्यवस्था को अधिक व्यवस्थित करना और पढ़ाई के लिए निर्धारित समय का बेहतर उपयोग सुनिश्चित करना है। शिक्षकों को निर्धारित विषय और समय के अनुसार कक्षाओं में अध्यापन करवाना होगा। विभाग स्कूलों में शैक्षणिक माहौल को बेहतर बनाने के लिए निरीक्षण और निगरानी व्यवस्था को भी मजबूत करने की तैयारी में है।
राज्यभर के स्कूलों में लागू होंगे निर्देश
शिक्षा विभाग के ये निर्देश प्रदेश के सरकारी स्कूलों में लागू होंगे। स्कूल प्रमुखों और संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी रहेगी कि वे आदेशों का पालन सुनिश्चित करवाएं। विभाग ने साफ किया है कि निर्धारित पाठ्यपुस्तकों के आधार पर गुणवत्तापूर्ण शिक्षण पर जोर रहेगा। निरीक्षण में गाइड से पढ़ाने या आदेशों की अवहेलना का मामला सामने आने पर संबंधित शिक्षक के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।